अमेरिकी राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤ªà¤¤à¤¿ डोनालà¥à¤¡ टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ घोषित पारसà¥à¤ªà¤°à¤¿à¤• टैरिफ (Reciprocal Tariff) का असर à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ और बॉनà¥à¤¡ बाजार पर दिख सकता है। निवेशक इस टैरिफ के वैशà¥à¤µà¤¿à¤• वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¾à¤° और आरà¥à¤¥à¤¿à¤• विकास पर पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ को आंकने में जà¥à¤Ÿà¥‡ हैं, वहीं सरकारी बॉनà¥à¤¡ यीलà¥à¤¡ में गिरावट की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ जताई जा रही है।
रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ की मजबूती पर मंडराते खतरे
पिछले हफà¥à¤¤à¥‡ à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ रà¥à¤ªà¤¯à¤¾ 85.47 पà¥à¤°à¤¤à¤¿ डॉलर के सà¥à¤¤à¤° पर बंद हà¥à¤† था। मारà¥à¤š में रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ ने 2.3% की बढ़त दरà¥à¤œ की, जो छह साल में सबसे बड़ा मासिक उछाल था। विदेशी पोरà¥à¤Ÿà¤«à¥‹à¤²à¤¿à¤¯à¥‹ निवेशकों (FPI) और कॉरà¥à¤ªà¥‹à¤°à¥‡à¤Ÿ गतिविधियों से डॉलर पà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¹ बढ़ने के कारण रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ को यह मजबूती मिली। हालांकि, इस हफà¥à¤¤à¥‡ अमेरिकी टैरिफ नीति रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ के लिठनठजोखिम खड़े कर सकती है। टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ 2 अपà¥à¤°à¥ˆà¤² को पारसà¥à¤ªà¤°à¤¿à¤• शà¥à¤²à¥à¤•ों की घोषणा करेगा, जिसके तहत अमेरिका उन देशों पर समान शà¥à¤²à¥à¤• लगाà¤à¤—ा, जो अमेरिकी निरà¥à¤¯à¤¾à¤¤ पर शà¥à¤²à¥à¤• लगाते हैं।
कोटक इंसà¥à¤Ÿà¥€à¤Ÿà¥à¤¯à¥‚शनल इकà¥à¤µà¤¿à¤Ÿà¥€à¤œ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, "à¤à¤¾à¤°à¤¤ के बाहरी कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में असंतà¥à¤²à¤¨ की पà¥à¤°à¤®à¥à¤– वजह अमेरिका की वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¾à¤° नीतियों को लेकर जारी अनिशà¥à¤šà¤¿à¤¤à¤¤à¤¾ बनी रहेगी।" उनकी रिपोरà¥à¤Ÿ में अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ लगाया गया है कि वितà¥à¤¤ वरà¥à¤· 2026 में डॉलर-रà¥à¤ªà¤¯à¤¾ विनिमय दर 85-89 के दायरे में रह सकती है।
RBI की पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ पर रहेगी नजर
रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ के उतार-चढ़ाव पर à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ रिज़रà¥à¤µ बैंक (RBI) की पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¥€ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ होगी। à¤à¤• पà¥à¤°à¤®à¥à¤– मà¥à¤‚बई सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ बैंक के टà¥à¤°à¥‡à¤¡à¤° के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, "अगर अमेरिकी टैरिफ नीति से कोई नकारातà¥à¤®à¤• सरपà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤œ मिलता है, तो RBI रà¥à¤ªà¤¯à¥‡ में गिरावट को रोकने के बजाय उसे सà¥à¤µà¤¾à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤• रूप से गिरने दे सकता है।" इसके अलावा, अमेरिका के आरà¥à¤¥à¤¿à¤• आंकड़े और फेडरल रिजरà¥à¤µ के अधिकारियों के बयानों पर à¤à¥€ निवेशकों की नजर बनी रहेगी, कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि इससे डॉलर की चाल पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हो सकती है।
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बॉनà¥à¤¡ यीलà¥à¤¡ में गिरावट जारी
à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ बॉनà¥à¤¡ बाजार में 10-वरà¥à¤·à¥€à¤¯ बेंचमारà¥à¤• बॉनà¥à¤¡ यीलà¥à¤¡ इस हफà¥à¤¤à¥‡ 6.52%-6.60% के दायरे में रहने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है। शà¥à¤•à¥à¤°à¤µà¤¾à¤° को यह 6.5823% पर बंद हà¥à¤ˆ, जो पूरे हफà¥à¤¤à¥‡ में 4 बेसिस पॉइंट (bps) की गिरावट दरà¥à¤¶à¤¾à¤¤à¤¾ है। मारà¥à¤š में बॉनà¥à¤¡ यीलà¥à¤¡ 15 बेसिस पॉइंट गिरी, जो 10 महीनों में सबसे बड़ी मासिक गिरावट रही। वितà¥à¤¤à¥€à¤¯ वरà¥à¤· 2024-25 के दौरान अब तक 47 बेसिस पॉइंट की गिरावट देखी गई, जो पिछले पांच वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ में सबसे बड़ी गिरावट है। बॉनà¥à¤¡ यीलà¥à¤¡ में इस गिरावट के पीछे विदेशी पूंजी पà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¹ और वैशà¥à¤µà¤¿à¤• केंदà¥à¤°à¥€à¤¯ बैंकों की नरम नीतियों का योगदान रहा। बाजार के जानकारों को उमà¥à¤®à¥€à¤¦ है कि नठवितà¥à¤¤à¥€à¤¯ वरà¥à¤· की पहली तिमाही में à¤à¥€ यह रà¥à¤à¤¾à¤¨ बना रहेगा।
RBI से दर कटौती की उमà¥à¤®à¥€à¤¦
RBI की मौदà¥à¤°à¤¿à¤• नीति समिति (MPC) की अगली बैठक 9 अपà¥à¤°à¥ˆà¤² को होगी, जिसमें लगातार दूसरी बार बà¥à¤¯à¤¾à¤œ दरों में कटौती का अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ लगाया जा रहा है। रॉयटरà¥à¤¸ के à¤à¤• सरà¥à¤µà¥‡ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, अगसà¥à¤¤ 2025 में à¤à¤• और दर कटौती हो सकती है, जिससे यह अब तक का सबसे छोटा नीतिगत नरमी चकà¥à¤° बन जाà¤à¤—ा। फरवरी में घरेलू खà¥à¤¦à¤°à¤¾ महंगाई दर 3.61% पर आ गई थी, जो जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ 2024 के बाद का सबसे निचला सà¥à¤¤à¤° है। जनवरी में यह 4.26% थी। बाजार विशेषजà¥à¤žà¥‹à¤‚ का मानना है कि मारà¥à¤š में à¤à¥€ महंगाई दर इसी दायरे में रहेगी, जिससे RBI को नीतिगत दरों में कटौती करने का अवसर मिलेगा। BofA गà¥à¤²à¥‹à¤¬à¤² रिसरà¥à¤š के इंडिया à¤à¤µà¤‚ ASEAN इकनॉमिक रिसरà¥à¤š पà¥à¤°à¤®à¥à¤– राहà¥à¤² बजोरिया का कहना है, "RBI की फरवरी की बैठक में दर कटौती चकà¥à¤° की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ हà¥à¤ˆ थी। हमें उमà¥à¤®à¥€à¤¦ है कि अपà¥à¤°à¥ˆà¤² में यह सिलसिला जारी रहेगा और केंदà¥à¤°à¥€à¤¯ बैंक आरà¥à¤¥à¤¿à¤• वृदà¥à¤§à¤¿ को पà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¨ देने के लिठकà¥à¤› नीतिगत संकेत à¤à¥€ देगा।"
सरकार की ऋण नीलामी (debt auction) पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ इस हफà¥à¤¤à¥‡ फिर शà¥à¤°à¥‚ होगी। अपà¥à¤°à¥ˆà¤²-सितंबर की अवधि में नई दिलà¥à¤²à¥€ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ अपेकà¥à¤·à¤¾à¤•ृत कम बॉनà¥à¤¡ आपूरà¥à¤¤à¤¿ किठजाने के फैसले से यीलà¥à¤¡ करà¥à¤µ में और गिरावट देखी जा सकती है।
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