दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ à¤à¤• बार फिर कà¥à¤°à¤¿à¤ªà¥à¤Ÿà¥‹à¤•रेंसी के खà¥à¤®à¤¾à¤° में डूब रही है। जहां कà¥à¤› लोग इसे वितà¥à¤¤à¥€à¤¯ सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾ की नई कà¥à¤°à¤¾à¤‚ति बता रहे हैं, वहीं कई विशेषजà¥à¤ž इससे जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ खतरों, धोखाधड़ी और असà¥à¤¥à¤¿à¤°à¤¤à¤¾ को लेकर गंà¤à¥€à¤° चेतावनी दे रहे हैं। दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में करीब 1.4 अरब लोग बिना बैंकिंग सिसà¥à¤Ÿà¤® के जीवन जी रहे हैं। सिरà¥à¤« अमेरिका में ही 50 लाख लोग à¤à¤¸à¥‡ हैं जिनके पास बैंक खाता नहीं है, जबकि 1.2 करोड़ लोग "बैंकिंग डेजरà¥à¤Ÿ" यानी बैंक से 10 मील के दायरे से बाहर रहते हैं।
à¤à¤¸à¥‡ में कà¥à¤°à¤¿à¤ªà¥à¤Ÿà¥‹à¤•रेंसी और बà¥à¤²à¥‰à¤•चेन टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ को à¤à¤• विकलà¥à¤ª के रूप में देखा जा रहा है, जहां वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ बिना किसी बैंक या तीसरे पकà¥à¤· के सीधी लेन-देन कर सकता है। टायरोन रॉस, जो खà¥à¤¦ à¤à¤• बैंकिंग डेजरà¥à¤Ÿ में पले-बढ़े और अब Turnqey Labs के CEO हैं, उनका कहना है कि “कà¥à¤°à¤¿à¤ªà¥à¤Ÿà¥‹ मौजूदा वितà¥à¤¤à¥€à¤¯ असमानताओं पर पà¥à¤°à¤•ाश डालता है। यह उन लोगों के लिठताकत है जिनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ मौजूदा सिसà¥à¤Ÿà¤® ने पीछे छोड़ दिया।”
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