दिवाली का परà¥à¤µ हमारे जीवन में जà¥à¤žà¤¾à¤¨ की रोशनी का सà¥à¤®à¤°à¤£ उतà¥à¤¸à¤µ है। आज यह विशà¥à¤µ सà¥à¤¤à¤° पर पà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤‚गिक है कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि यह वासà¥à¤¤à¤µ में इसका पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¨à¤¿à¤§à¤¿à¤¤à¥à¤µ करता है। अंधकार पर पà¥à¤°à¤•ाश, बà¥à¤°à¤¾à¤ˆ पर अचà¥à¤›à¤¾à¤ˆ और अजà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤¤à¤¾ पर जà¥à¤žà¤¾à¤¨ का उतà¥à¤¸à¤µà¥¤ यह à¤à¤•ता, आशा और नवीनीकरण की à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ को पà¥à¤°à¥‡à¤°à¤¿à¤¤ करता है इसीलिठहर जगह मानवता के साथ दिल से जà¥à¤¡à¤¼à¤¤à¤¾ है।
इस उतà¥à¤¸à¤µ के समय दीपक जलाने का बहà¥à¤¤ महतà¥à¤µ है। तेल के दीपक को जलाने के लिठबाती को आंशिक रूप से तेल में डà¥à¤¬à¥‹à¤¨à¤¾ पड़ता है। यदि बाती पूरी तरह तेल में डूब जाठतो वह पà¥à¤°à¤•ाश नहीं ला सकती। जीवन à¤à¥€ दीपक की बाती की तरह है। वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ को संसार में रहना चाहिठऔर फिर à¤à¥€ उससे अछूता रहना चाहिà¤à¥¤ यदि आप संसार के à¤à¥Œà¤¤à¤¿à¤•वाद में डूबे हà¥à¤ हैं तो आप अपने जीवन में आनंद और जà¥à¤žà¤¾à¤¨ नहीं ला सकते। संसार में रहकर, फिर à¤à¥€ इसके सांसारिक पहलू में न डूबकर, हम आनंद और जà¥à¤žà¤¾à¤¨ की रोशनी बन सकते हैं।
दिवाली पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ की à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ और इस विशà¥à¤µà¤¾à¤¸ का à¤à¥€ पà¥à¤°à¤¤à¥€à¤• है कि जो à¤à¥€ आवशà¥à¤¯à¤• होगा वह पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ किया जाà¤à¤—ा! यह केवल à¤à¤• बाहरी उतà¥à¤¸à¤µ नहीं है, बलà¥à¤•ि हमारे अपने जीवन में पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ और कृतजà¥à¤žà¤¤à¤¾ की मानसिकता विकसित करने की याद दिलाता है।
जिस तरह कà¥à¤°à¤¿à¤¸à¤®à¤¸ आशा और सदà¥à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ का पà¥à¤°à¤¤à¥€à¤• है, ईद à¤à¤•जà¥à¤Ÿà¤¤à¤¾ पर जोर देती है उसी तरह दिवाली हमारे जीवन में जà¥à¤žà¤¾à¤¨ और कृतजà¥à¤žà¤¤à¤¾ की रोशनी का आहà¥à¤µà¤¾à¤¨ करती है। यह तà¥à¤¯à¥‹à¤¹à¤¾à¤° हमें मतà¤à¥‡à¤¦à¥‹à¤‚ को दूर करने, अतीत की कड़वाहट से मà¥à¤•à¥à¤¤à¤¿ पाने और वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ कà¥à¤·à¤£ में जीने के लिठपà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¿à¤¤ करता है। यह लोगों को करà¥à¤£à¤¾ और सेवा की à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ से à¤à¤• साथ लाता है।
हर इंसान में कà¥à¤› अचà¥à¤›à¥‡ गà¥à¤£ होते हैं। और हर जलता हà¥à¤† दीपक इसी का पà¥à¤°à¤¤à¥€à¤• है। कà¥à¤› लोगों में सहनशीलता होती है, दूसरों में पà¥à¤¯à¤¾à¤°, ताकत, उदारता या लोगों को à¤à¤•जà¥à¤Ÿ करने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ होती है। आपके अंदर छà¥à¤ªà¥‡ हà¥à¤ संसà¥à¤•ार दीपक की तरह हैं। सिरà¥à¤« à¤à¤• दीपक जलाकर संतà¥à¤·à¥à¤Ÿ न हों। हजारों को रोशन करें! अजà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤¤à¤¾ के अंधकार को दूर करने के लिठआपको कई रोशनी जलाने की जरूरत है। अपने अंदर जà¥à¤žà¤¾à¤¨ का दीपक जलाकर और जà¥à¤žà¤¾à¤¨ पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ करके आप अपने असà¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ के सà¤à¥€ पहलà¥à¤“ं को जागृत कर सकते हैं। जब इनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ जलाया और जगाया जाता है तो दिवाली होती है।
इस दिवाली अपने दिल में पà¥à¤¯à¤¾à¤° का दीपक जलाà¤à¤‚। आपके घर में पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ का दीपक; दूसरों की सेवा के लिठकरà¥à¤£à¤¾ का दीपक; अजà¥à¤žà¤¾à¤¨ के अंधकार को दूर करने के लिठजà¥à¤žà¤¾à¤¨ का दीपक और ईशà¥à¤µà¤° ने हमें जो पà¥à¤°à¤šà¥à¤°à¤¤à¤¾ पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ की है उसके लिठकृतजà¥à¤žà¤¤à¤¾ का दीपक।
(लेखक à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ गà¥à¤°à¥ और आधà¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¿à¤• नेता हैं, जिनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने आरà¥à¤Ÿ ऑफ लिविंग फाउंडेशन की सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ की)
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