BAPS संसà¥à¤¥à¤¾ के महामहोपाधà¥à¤¯à¤¾à¤¯ à¤à¤¦à¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¦à¤¾à¤¸ सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ की अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤·à¤¤à¤¾ में यूके, यूà¤à¤¸à¤ और à¤à¤¾à¤°à¤¤ के विदà¥à¤µà¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ 'अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ और आधà¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¿à¤• ईकोलॉजी विषयक विशेष सतà¥à¤° का आयोजन किया गया।
वरà¥à¤²à¥à¤¡ कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ ऑफ फिलोसोफी के अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° लà¥à¤•ा सà¥à¤•ारंटिनो ने सनातन धरà¥à¤® की वेदांत पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¥à¤¾à¤¨à¤¤à¥à¤°à¤¯à¥€ पर आधारित अकà¥à¤·à¤° पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ को पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¥à¤¤ करते 'सà¥à¤µà¤¾à¤®à¤¿à¤¨à¤¾à¤°à¤¾à¤¯à¤£ à¤à¤¾à¤·à¥à¤¯à¤®' को सà¥à¤µà¥€à¤•ार कर हरà¥à¤· वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ किया।
आठदिवसीय इस परिषद का आयोजन विशà¥à¤µ के पà¥à¤°à¤¾à¤šà¥€à¤¨à¤¤à¤® विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ में से à¤à¤• और यूरोप के सबसे बड़े विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ रोम के सापिà¤à¤‚ज़ा विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ में किया गया था। 1 से 8 अगसà¥à¤¤ के बीच आयोजित इस समà¥à¤®à¥‡à¤²à¤¨ में 120 देशों के 89 तातà¥à¤¤à¥à¤µà¤¿à¤• विदà¥à¤¯à¤¾à¤¶à¤¾à¤–ाओं के 5000 से अधिक विदà¥à¤µà¤¾à¤¨ और छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ ने हिसà¥à¤¸à¤¾ लिया था।
महंत सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ महाराज के आशीरà¥à¤µà¤¾à¤¦ और मारà¥à¤—दरà¥à¤¶à¤¨ में सà¥à¤µà¤¾à¤®à¤¿à¤¨à¤¾à¤°à¤¾à¤¯à¤£ संपà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¯ के शासà¥à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ दारà¥à¤¶à¤¨à¤¿à¤• विचार à¤à¤µà¤‚ जीवनशैली अरà¥à¤¥à¤¾à¤¤à¥ अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ का इटली के à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• शहर रोम में 25वें विशà¥à¤µ ततà¥à¤¤à¥à¤µà¤œà¥à¤žà¤¾à¤¨ महासमà¥à¤®à¥‡à¤²à¤¨ में सà¥à¤µà¤¾à¤—त किया गया।
इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ फिलोसोफी (FISP) दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ आयोजित इस परिषद ने विशà¥à¤µà¤à¤° की 89 दारà¥à¤¶à¤¨à¤¿à¤• उपशाखाओं के विदà¥à¤µà¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ को समकालीन वैशà¥à¤µà¤¿à¤• चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ का समाधान करने और मानव असà¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ की गहन समठको पà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¿à¤¤ करने के लिठगहन चरà¥à¤šà¤¾ à¤à¤µà¤‚ विचारों के आदान-पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ का मंच पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ किया।
समà¥à¤®à¥‡à¤²à¤¨ के दौरान महामहोपाधà¥à¤¯à¤¾à¤¯ à¤à¤¦à¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¦à¤¾à¤¸ सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ की अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤·à¤¤à¤¾ में अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ और आधà¥à¤¯à¤¾à¤¤à¥à¤®à¤¿à¤• परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£à¥€à¤¯ दृषà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ोण पर केंदà¥à¤°à¤¿à¤¤ à¤à¤• रोचक सतà¥à¤° आयोजित किया गया। इसका उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥à¤¯ धारà¥à¤®à¤¿à¤• दारà¥à¤¶à¤¨à¤¿à¤• दृषà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ोण खासकर अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ के माधà¥à¤¯à¤® से परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ के पà¥à¤°à¤¤à¤¿ हमारे दृषà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ोण और विशà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥‹à¤‚ का पà¥à¤¨à¤°à¥à¤®à¥‚लà¥à¤¯à¤¾à¤‚कन करना था।
यूके, यूà¤à¤¸à¤ और à¤à¤¾à¤°à¤¤ के विदà¥à¤µà¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ ने अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ के दारà¥à¤¶à¤¨à¤¿à¤• सिदà¥à¤§à¤¾à¤‚तों के विषय में अपने अनà¥à¤¸à¤‚धान पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¥à¤¤ किठजो à¤à¤•à¥à¤¤à¤¿, नैतिक जीवन, मानव सेवा à¤à¤µà¤‚ परà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤°à¤£ के साथ वà¥à¤¯à¤¾à¤µà¤¹à¤¾à¤°à¤¿à¤• समनà¥à¤µà¤¯ साधते हैं।
दिलà¥à¤²à¥€ विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ के ततà¥à¤¤à¥à¤µà¤œà¥à¤žà¤¾à¤¨ के पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° बालगणपति देवारकोंडा ने इस अवसर पर कहा कि अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ को इतने बड़े शैकà¥à¤·à¤£à¤¿à¤• कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤® में इस तरह से उतà¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤ªà¥‚रà¥à¤£ सà¥à¤µà¥€à¤•ृति मिलते देखना अतà¥à¤¯à¤‚त हरà¥à¤· का विषय है। निसà¥à¤¸à¤‚देह अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® वेदांत दरà¥à¤¶à¤¨ की जड़ें पवितà¥à¤° सनातन हिंदू शासà¥à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में हैं लेकिन कà¥à¤› पशà¥à¤šà¤¿à¤®à¥€ ततà¥à¤¤à¥à¤µà¤œà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के लिठयह अपरिचित हो सकता है। इसलिठउनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ इस दरà¥à¤¶à¤¨ में रà¥à¤šà¤¿ लेते और इसे समà¤à¤¤à¥‡ देखना काफी उतà¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤œà¤¨à¤• रहा।
औपचारिक सतà¥à¤°à¥‹à¤‚ के अलावा सà¥à¤µà¤¾à¤®à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ ने इंटेरकटिव वरà¥à¤•शॉप, परसà¥à¤ªà¤° संवादों और अनौपचारिक बैठकों के माधà¥à¤¯à¤® से विदà¥à¤µà¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ के साथ अरà¥à¤¥à¤ªà¥‚रà¥à¤£ विमरà¥à¤¶ किया। इससे उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ दारà¥à¤¶à¤¨à¤¿à¤• विचारों को साà¤à¤¾ करने और खà¥à¤²à¥‡ शैकà¥à¤·à¤£à¤¿à¤• संवाद à¤à¤µà¤‚ परसà¥à¤ªà¤° समृदà¥à¤§à¤¿ की à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ में à¤à¤•-दूसरे से सीखने का अवसर मिला।
FISP और वरà¥à¤²à¥à¤¡ कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ ऑफ फिलोसोफी के अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° सà¥à¤•ारंटिनो और à¤à¤¦à¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¦à¤¾à¤¸ सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ ने वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤—त बैठक में परिषद के बारे में चरà¥à¤šà¤¾ की और उसके à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ का मूलà¥à¤¯à¤¾à¤‚कन किया। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ समाज में ततà¥à¤¤à¥à¤µà¤œà¥à¤žà¤¾à¤¨ की पà¥à¤°à¤¾à¤¸à¤‚गिकता, सतत संवाद और अनà¥à¤¸à¤‚धान की आवशà¥à¤¯à¤•ता पर जोर दिया। पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° सà¥à¤•ारंटिनो ने परिषद में अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¥à¤¤ करने के लिठà¤à¤¦à¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¦à¤¾à¤¸ सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ का आà¤à¤¾à¤° वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ किया।
दारà¥à¤¶à¤¨à¤¿à¤• चरà¥à¤šà¤¾ के बाद पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° लà¥à¤•ा सà¥à¤•ारंटिनो ने वेदांत पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¥à¤¾à¤¨à¤¤à¥à¤°à¤¯à¥€ पर सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€à¤¨à¤¾à¤°à¤¾à¤¯à¤£ परंपरा में अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ के सिदà¥à¤§à¤¾à¤‚तों को शासà¥à¤¤à¥à¤°à¥€à¤¯ रूप से संसà¥à¤•ृत में उजागर करने वाले à¤à¤¾à¤·à¥à¤¯ 'सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€à¤¨à¤¾à¤°à¤¾à¤¯à¤£ à¤à¤¾à¤·à¥à¤¯à¤®' को उसके रचयिता महामहोपाधà¥à¤¯à¤¾à¤¯ à¤à¤¦à¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¦à¤¾à¤¸ सà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ से पà¥à¤°à¤¾à¤ªà¥à¤¤ कर पà¥à¤°à¤¸à¤¨à¥à¤¨à¤¤à¤¾ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ की।
जापान के फिलोसोफिकल à¤à¤¸à¥‹à¤¸à¤¿à¤à¤¶à¤¨ के अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· और आगामी वरà¥à¤²à¥à¤¡ कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ ऑफ फिलोसोफी के आयोजक पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° नोबà¥à¤°à¥ नोटोमी à¤à¥€ इस बैठक में उपसà¥à¤¥à¤¿à¤¤ थे। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने 2028 में टोकà¥à¤¯à¥‹ में आयोजित होने वाले 26वें वरà¥à¤²à¥à¤¡ कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ ऑफ फिलोसोफी परिषद में अकà¥à¤·à¤°-पà¥à¤°à¥à¤·à¥‹à¤¤à¥à¤¤à¤® दरà¥à¤¶à¤¨ को पà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤à¥à¤¤ करने का निमंतà¥à¤°à¤£ दिया।
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