अगà¥à¤°à¤£à¥€ संगठन 'सिखà¥à¤¸ ऑफ अमेरिका' वॉशिंगटन, डीसी में 4 जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ को होने वाली राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾ दिवस परेड में अपनी à¤à¤¾à¤—ीदारी के लगातार 11वें वरà¥à¤· को चिहà¥à¤¨à¤¿à¤¤ करने की तैयारी कर रहा है। यह आयोजन राजधानी वाशिंगटन डीसी में पà¥à¤°à¤¤à¤¿ वरà¥à¤· किया जाता है। इस परेड में देश à¤à¤° से हजारों दरà¥à¤¶à¤• आते हैं।
इस वरà¥à¤·, सिख दल à¤à¤• बार फिर देश की राजधानी में रंग, संगीत और सांसà¥à¤•ृतिक गौरव लेकर आà¤à¤—ा। सदसà¥à¤¯ पारंपरिक रंगीन पगड़ी, सितारों से सजी टाई या टी-शरà¥à¤Ÿ के साथ सफेद शरà¥à¤Ÿ पहनकर गरà¥à¤µ से अमेरिकी और सिख à¤à¤‚डे लहराते हà¥à¤ मारà¥à¤š करेंगे।
समूह के साथ à¤à¤• विशेष à¤à¤¾à¤‚की à¤à¥€ होगी जिसमें à¤à¤¾à¤‚गड़ा ढोल समूह दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ ऊरà¥à¤œà¤¾à¤µà¤¾à¤¨ पà¥à¤°à¤¦à¤°à¥à¤¶à¤¨ किया जाà¤à¤—ा, जो पंजाबी संसà¥à¤•ृति की जीवंतता और सिख अमेरिकियों की देशà¤à¤•à¥à¤¤à¤¿ की à¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ को उजागर करेगा।
इस पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤ ित कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤® में सिखà¥à¤¸ ऑफ अमेरिका की निरंतर à¤à¤¾à¤—ीदारी न केवल अमेरिकी सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾ का जशà¥à¤¨ है, बलà¥à¤•ि सिख समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ के à¤à¤•ीकरण और अमेरिकी समाज में योगदान का à¤à¤• सारà¥à¤¥à¤• पà¥à¤°à¤¦à¤°à¥à¤¶à¤¨ à¤à¥€ है।0
à¤à¤• दशक से अधिक समय से, समूह ने सांसà¥à¤•ृतिक समठको बढ़ावा देने और सिख धरà¥à¤® और पहचान के बारे में गलत धारणाओं को चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€ देने के लिठपरेड में अपने मंच का उपयोग किया है।
आयोजकों ने इस बात पर जोर दिया है कि उनकी मौजूदगी विविधता का जशà¥à¤¨ मनाने के साथ-साथ à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ के ख़िलाफ़ à¤à¤• आवाज à¤à¥€ है। हाल के वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ में नफरत à¤à¤°à¥‡ अपराधों और पकà¥à¤·à¤ªà¤¾à¤¤ के मामलों में वृदà¥à¤§à¤¿ हà¥à¤ˆ है। à¤à¤¸à¥‡ में इस तरह के सारà¥à¤µà¤œà¤¨à¤¿à¤• कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤®à¥‹à¤‚ में सिख अमेरिकियों की मौजूदगी काफ़ी मायने रखती है।
सिखà¥à¤¸ ऑफ अमेरिका परिवारों, समरà¥à¤¥à¤•ों और वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ के सदसà¥à¤¯à¥‹à¤‚ को पà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¿à¤¤ करता है कि वे उनके साथ जà¥à¤¡à¤¼à¥‡à¤‚ या किनारे से उनका उतà¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤µà¤°à¥à¤§à¤¨ करें कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि वे गरà¥à¤µ और देशà¤à¤•à¥à¤¤à¤¿ के साथ मारà¥à¤š करते हैं।
संगठन के अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· डॉ. जसदीप सिंह जेसी ने कहा कि हम हर साल यह पà¥à¤·à¥à¤Ÿà¤¿ करने के लिठमारà¥à¤š करते हैं कि सिख होना और अमेरिकी होना सिरà¥à¤« संगत नहीं है, वे अविà¤à¤¾à¤œà¥à¤¯ हैं। 4 जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ को सिख सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾, विविधता और à¤à¤•ता के जशà¥à¤¨ में साथी अमेरिकियों के साथ खड़े होते हैं।
ADVERTISEMENT
ADVERTISEMENT
Comments
Start the conversation
Become a member of New India Abroad to start commenting.
Sign Up Now
Already have an account? Login