शिकà¥à¤·à¤£ संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ पर टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ का कà¥à¤°à¥ˆà¤•डाउन इन दिनों दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤à¤° में चरà¥à¤šà¤¾ का सबब है। हारà¥à¤µà¤°à¥à¤¡ जैसे जगत-विखà¥à¤¯à¤¾à¤¤ शिकà¥à¤·à¤£ संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ के आदेशों से जूठरहे हैं और अपने असà¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ तथा पहचान के लिठसंघरà¥à¤·à¤°à¤¤ हैं। हारà¥à¤µà¤°à¥à¤¡ ने तो टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ के फैसले के खिलाफ अदालत का दरवाजा à¤à¥€ खटखटाया है। कई अनà¥à¤¯ संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ ने टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ के फैसले की निंदा तो की है लेकिन उससे लड़ने की ताकत वे अà¤à¥€ नहीं जà¥à¤Ÿà¤¾ पाठहैं। आखिर कोई à¤à¤• संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ या कई संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨ मिलकर à¤à¥€ कà¥à¤¯à¤¾ सरकार से लड़ सकते हैं। à¤à¤¸à¥€ सरकार से जो नठमà¥à¤–िया की दूसरी पारी के महज साढ़े चार महीने में सैकड़ों आदेश पारित कर चà¥à¤•ी है। यह जà¥à¤¦à¤¾ है कि टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª के कई फैसलों को अदालतों में चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¥€ दी गई है और कई फैसलों पर कोरà¥à¤Ÿ रोक लगा चà¥à¤•ा है। अब उन मामलों में कà¥à¤¯à¤¾ होगा जिन पर अदालत ने रोक लगा दी है। लेकिन à¤à¤• चीज जो होगी वह तय है कि तलवार लटकी रहेगी। शिकà¥à¤·à¤£ संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ पर कà¥à¤°à¥ˆà¤•डाउन का à¤à¤• और नतीजा à¤à¥€ तय है कि इससे अंतरराषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ और उनके माता-पिता अथवा अà¤à¤¿à¤à¤¾à¤µà¤•ों के मन-मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• में जो कशमकश चल रही है वह पढ़ाई के लिठकिसी नठठिकाने की तलाश का विकलà¥à¤ª चà¥à¤¨à¤¨à¥‡ के लिठबाधà¥à¤¯ होगी। लंबे समय की दà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾ अमेरिकी शिकà¥à¤·à¤£ संसà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ से मोहà¤à¤‚ग का सबब बन सकती है। इन मानसिक हालात से दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ के तमाम लोग और विदेश में पढ़ने के आकांकà¥à¤·à¥€ छातà¥à¤° गà¥à¤œà¤° रहे होंगे। à¤à¤¾à¤°à¤¤ à¤à¥€ अपवाद नहीं है। बलà¥à¤•ि à¤à¤¾à¤°à¤¤ में इस असमंजस का शिकार लोगों और छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ की संखà¥à¤¯à¤¾ सबसे अधिक हो सकती है। इसलिठकि पढ़ने के लिठà¤à¤¾à¤°à¤¤ से अमेरिका आने वाले छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ की संखà¥à¤¯à¤¾ 3 लाख के आसपास बताई जाती है।
विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯ परिसरों में छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ का विरोध और अशांति à¤à¤• अमेरिका में अपेकà¥à¤·à¤¾à¤•ृत नई घटना है। अंतरराषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ शैकà¥à¤·à¤¿à¤• आदान-पà¥à¤°à¤¦à¤¾à¤¨ पर ओपन डोरà¥à¤¸ 2024 रिपोरà¥à¤Ÿ के अनà¥à¤¸à¤¾à¤° अमेरिकी कॉलेज और विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ में अंतरराषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ की कà¥à¤² संखà¥à¤¯à¤¾ 11 लाख से अधिक के सरà¥à¤µà¤•ालिक उचà¥à¤š सà¥à¤¤à¤° पर पहà¥à¤‚च गई है। जहां तक à¤à¤¾à¤°à¤¤ की बात है तो सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ शिकà¥à¤·à¤£ से आगे तक जाती है। à¤à¤¾à¤°à¤¤ सबसे अधिक संखà¥à¤¯à¤¾ में अंतरराषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ को अमेरिका à¤à¥‡à¤œà¤¤à¤¾ है और अमेरिकी अरà¥à¤¥à¤µà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ और पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤à¤¾ पूल में महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ योगदान देता है। अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• 300,000 से अधिक मजबूत à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ छातà¥à¤° समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ अमेरिकी अरà¥à¤¥à¤µà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में सालाना 8 अरब डॉलर से अधिक का योगदान देता है और कई पà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¤•à¥à¤· और अपà¥à¤°à¤¤à¥à¤¯à¤•à¥à¤· नौकरियों के सृजन में मदद करता है। तमाम कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤à¤¾ का बढ़ना और ढेर से शीरà¥à¤· पदों पर होना à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ छातà¥à¤°à¥‹à¤‚ और उनके माता-पिता के मन में यह बात सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¿à¤¤ करता है कि सपनों की धरती पर अपनी मेहनत से शीरà¥à¤· मà¥à¤•ाम हासिल किया जा सकता है। इसीलिठजब विदेश में पठन-पाठन और उचà¥à¤š शिकà¥à¤·à¤¾ की बात आती है तो à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯à¥‹à¤‚ के मन और पà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤•ताओं में अमेरिका सबसे ऊपर रहता है। à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯à¥‹à¤‚ के मन में यह सà¥à¤¥à¤¾à¤ªà¤¨à¤¾ à¤à¤• दिन या à¤à¤• वरà¥à¤· में नहीं हà¥à¤ˆ है। इसमें बरसों लगे हैं और इससे जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ अनà¥à¤¯ कारक à¤à¥€ हैं।
वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ हालात à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯à¥‹à¤‚ को à¤à¥€ गहराई से असहज करने वाले हैं। आगामी सतà¥à¤° के लिठवीजा साकà¥à¤·à¤¾à¤¤à¥à¤•ार पर ततà¥à¤•ाल पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µ से रोक ने सबके सामने न केवल 'अंधेरा' कर दिया है बलà¥à¤•ि तà¥à¤°à¤‚त ही नठविकलà¥à¤ª का यकà¥à¤·à¤ªà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ à¤à¥€ खड़ा कर दिया है। यकà¥à¤·à¤ªà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ इसलिठकà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि कोई à¤à¥€ पसोपेश में नहीं रहना चाहता। इंतजार कोई कब तक कर सकता है। और यदि किसी सकारातà¥à¤®à¤•ता का आशà¥à¤µà¤¾à¤¸à¤¨ हो तो इंतजार की तà¥à¤• à¤à¥€ बनती है। à¤à¤¸à¥‡ में कौन होगा जो अपना साल और समय बरà¥à¤¬à¤¾à¤¦ करने के लिठठहरेगा।
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