à¤à¤• नई सà¥à¤Ÿà¤¡à¥€ में दावा किया गया है कि अमेरिका में रह रहे लगà¤à¤— आधे à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ अमेरिकियों को पिछले साल à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ का सामना करना पड़ा। कारà¥à¤¨à¥‡à¤—ी à¤à¤‚डोमेंट फॉर इंटरनेशनल पीस की हालिया सà¥à¤Ÿà¤¡à¥€ के हवाले से आई मीडिया रिपोरà¥à¤Ÿ में कई और चौंकाने वाले खà¥à¤²à¤¾à¤¸à¥‡ किठगठहैं।
à¤à¤¨à¤¬à¥€à¤¸à¥€ की à¤à¤• रिपोरà¥à¤Ÿ में सà¥à¤Ÿà¤¡à¥€ के हवाले से दावा किया गया है कि अमेरिका में à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ मूल के लोगों के साथ सबसे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ उनकी तà¥à¤µà¤šà¤¾ के रंग को लेकर हà¥à¤†à¥¤ à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ करने वाले आमतौर पर शà¥à¤µà¥‡à¤¤ लोग थे। इस सà¥à¤Ÿà¤¡à¥€ के को-ऑथर और कारà¥à¤¨à¥‡à¤—ी के साउथ à¤à¤¶à¤¿à¤¯à¤¾ पà¥à¤°à¥‹à¤—à¥à¤°à¤¾à¤® के सीनियर फेलो व डायरेकà¥à¤Ÿà¤° मिलन वैषà¥à¤£à¤µ ने बताया कि à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ करने वालों में तीन-चौथाई से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ लोग गैरà¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ थे।
यह रिपोरà¥à¤Ÿ 2020 के YouGov survey का हिसà¥à¤¸à¤¾ है, जो 18 लाख अमेरिकियों की राय लेकर तैयार की गई है। इसमें 1200 à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ अमेरिकियों पर खास फोकस किया गया था। सरà¥à¤µà¥‡ के दौरान अमेरिका में सà¤à¥€ उमà¥à¤° और इमिगà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨ सà¥à¤Ÿà¥‡à¤Ÿà¤¸ वाले लोगों की राय ली गई। इनमें अमेरिका में आकर बसे नठपà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¸à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के अलावा यहीं पर पैदा हà¥à¤ नागरिक à¤à¥€ शामिल थे।
रिपोरà¥à¤Ÿ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, à¤à¤¸à¥‡ à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ जो विदेशी धरती पर पैदा हà¥à¤, उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ à¤à¥€ लगà¤à¤— रोजाना à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ का सामना करना पड़ता है, लेकिन वे अपने साथ हà¥à¤ˆ घटनाओं की रिपोरà¥à¤Ÿ दरà¥à¤œ कराने में हिचकते हैं। समाज ही नहीं, à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ समà¥à¤¦à¤¾à¤¯à¥‹à¤‚ और परिवारों के अंदर à¤à¥€ à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ किया जाता है।
वैषà¥à¤£à¤µ कहते हैं कि à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯à¥‹à¤‚ के साथ धरà¥à¤® और लैंगिक आधार पर à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ होता है। à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ राजनीति और हिंदà¥à¤“ं की जातिगत पहचान जैसे मà¥à¤¦à¥à¤¦à¥‡ अमेरिका तक उनका पीछा करते हैं। à¤à¤¾à¤°à¤¤ में अपर कासà¥à¤Ÿ में जनà¥à¤®à¥‡ लोग अमेरिका आने पर à¤à¥€ अपनी इस पहचान को कायम रखने का पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ करते हैं।
रिपोरà¥à¤Ÿ कहती है कि à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ राजनीति का असर अमेरिकी समà¥à¤¦à¤¾à¤¯à¥‹à¤‚ में à¤à¥€ नजर आता है। पà¥à¤°à¤§à¤¾à¤¨à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ नरेंदà¥à¤° मोदी के चाहने वाले रिपबà¥à¤²à¤¿à¤•न और डेमोकà¥à¤°à¥‡à¤Ÿ दोनों पारà¥à¤Ÿà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में हैं। वैषà¥à¤£à¤µ कहते हैं कि à¤à¤¸à¥€ धारणा है कि अगर आप टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª समरà¥à¤¥à¤• हैं तो आप मोदी समरà¥à¤¥à¤• हैं, और अगर आप à¤à¤‚टी टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª है तो मोदी विरोधी हैं। जो लोग अमेरिका में पैदा हà¥à¤ हैं, या फिर à¤à¤¾à¤°à¤¤ के पूरà¥à¤µà¥€ या दकà¥à¤·à¤¿à¤£à¥€ इलाकों से हैं, उनमें मोदी के समरà¥à¤¥à¤•ों की संखà¥à¤¯à¤¾ कम है।
ADVERTISEMENT
ADVERTISEMENT
Comments
Start the conversation
Become a member of New India Abroad to start commenting.
Sign Up Now
Already have an account? Login