à¤à¤¾à¤°à¤¤ से हर साल लाखों लोग अमेरिका जाते हैं। इनमें कई पढ़ाई करने या नौकरी करने जाते हैं। लेकिन बड़ी संखà¥à¤¯à¤¾ में à¤à¤¸à¥‡ लोग हैं जो अमेरिका में ही बस जाना चाहते हैं। वहां की नागरिकता हासिल कर लेते हैं। अमेरिकी कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ की तरफ से जारी à¤à¤• रिपोरà¥à¤Ÿ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤•, साल 2022 में कम से कम 65,960 à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ आधिकारिक तौर पर अमेरिकी नागरिक बन गठहैं। मेकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो के बाद à¤à¤¾à¤°à¤¤ दूसरा à¤à¤¸à¤¾ देश है, जहां के लोग सबसे जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ अमेरिकी नागरिक बने हैं। रिपोरà¥à¤Ÿ में यह à¤à¥€ कहा गया है कि अमेरिका में रहने वाले à¤à¤¾à¤°à¤¤ में जनà¥à¤®à¥‡ लगà¤à¤— 42 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ विदेशी नागरिक वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ में अमेरिकी नागरिक बनने के लिठअयोगà¥à¤¯ हैं।
अमेरिकी जनगणना बà¥à¤¯à¥‚रो के अमेरिकी सामà¥à¤¦à¤¾à¤¯à¤¿à¤• सरà¥à¤µà¥‡à¤•à¥à¤·à¤£ के आंकड़ों के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, 2022 में विदेशी मूल के अनà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¤ चार करोड़ 60 लाख लोग अमेरिका में रहे जो अमेरिका की कà¥à¤² 33 करोड़ 33 लाख आबादी का लगà¤à¤— 14 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ हिसà¥à¤¸à¤¾ है। 2023 तक 2,831,330 विदेशी मूल के अमेरिकी नागरिक à¤à¤¾à¤°à¤¤ से थे। यह मेकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो के 10,638,429 के बाद दूसरी सबसे बड़ी संखà¥à¤¯à¤¾ है। चीन 2,225,447 के साथ तीसरे सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ पर है।
रिपोरà¥à¤Ÿ में कहा गया है कि अमेरिकी नागरिकता पाने वाले लोगों में मेकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो में पैदा हà¥à¤ लोगों की संखà¥à¤¯à¤¾ सबसे अधिक रही। इसके बाद à¤à¤¾à¤°à¤¤, फिलीपींस, कà¥à¤¯à¥‚बा और डोमिनिकन गणराजà¥à¤¯ के लोगों को सरà¥à¤µà¤¾à¤§à¤¿à¤• संखà¥à¤¯à¤¾ में अमेरिकी नागरिकता मिली। कांगà¥à¤°à¥‡à¤¸ की अनà¥à¤¸à¤‚धान सेवा (CRS) के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• 2022 में 128,878 मैकà¥à¤¸à¤¿à¤•न नागरिक अमेरिकी नागरिक बन गà¤à¥¤ उनके बाद à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ (65,960), फिलीपींस (53,413), कà¥à¤¯à¥‚बा (46,913), डोमिनिकन गणराजà¥à¤¯ (34,525), वियतनाम (33,246) और चीन (27.038) थे।
सीआरà¤à¤¸ की रिपोरà¥à¤Ÿ में कहा गया है कि अमेरिका में रहने वाले à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ मूल के 42 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ लोगों को अमेरिकी नागरिकता नहीं दी गई है। वरà¥à¤· 2023 तक à¤à¤¾à¤°à¤¤ में जनà¥à¤®à¥‡ 290,000 विदेशी नागरिक जो गà¥à¤°à¥€à¤¨ कारà¥à¤¡ या कानूनी सà¥à¤¥à¤¾à¤¯à¥€ निवास पर थे, संà¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ रूप से पातà¥à¤° थे। अमेरिकी जनगणना बà¥à¤¯à¥‚रो के अमेरिकी सामà¥à¤¦à¤¾à¤¯à¤¿à¤• सरà¥à¤µà¥‡à¤•à¥à¤·à¤£ के आंकड़ों के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, 2022 में अनà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¤ 46 मिलियन विदेशी मूल के वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ संयà¥à¤•à¥à¤¤ राजà¥à¤¯ अमेरिका में रहते थे। जो 333 मिलियन की कà¥à¤² अमेरिकी आबादी का लगà¤à¤— 14 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ है। इनमें से 24.5 मिलियन लगà¤à¤— 53 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ ने नेचà¥à¤°à¤² सिटीजन के रूप में अपनी सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ की सूचना दी।
रिपोरà¥à¤Ÿ के मà¥à¤¤à¤¾à¤¬à¤¿à¤• लैटिन अमेरिका और कैरिबियन में पैदा हà¥à¤ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ संयà¥à¤•à¥à¤¤ राजà¥à¤¯ अमेरिका में कà¥à¤² अनधिकृत आबादी का अनà¥à¤®à¤¾à¤¨à¤¿à¤¤ 79% पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¨à¤¿à¤§à¤¿à¤¤à¥à¤µ करते हैं। इसके विपरीत वियतनाम, फिलीपींस और रूस सहित देशों के विदेशी मूल के वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में सà¤à¥€ की नेचरलाइजेशन रेट 70% से अधिक है।
15 अपà¥à¤°à¥ˆà¤² की अपनी नवीनतम 'यूà¤à¤¸ नेचरलाइजेशन पॉलिसी' रिपोरà¥à¤Ÿ में वितà¥à¤¤à¥€à¤¯ वरà¥à¤· 2022 में 969,380 वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ अमेरिकी नागरिक बन गà¤à¥¤ मेकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो में पैदा हà¥à¤ वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ ने सबसे अधिक नेचरलाइजेशन का पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¨à¤¿à¤§à¤¿à¤¤à¥à¤µ किया। इसके बाद à¤à¤¾à¤°à¤¤, फिलीपींस, कà¥à¤¯à¥‚बा और डोमिनिकन गणराजà¥à¤¯ के वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ हैं।
सीआरà¤à¤¸ ने कहा कि हाल के वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ में कà¥à¤› परà¥à¤¯à¤µà¥‡à¤•à¥à¤·à¤•ों ने USCIS की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ पर चिंता वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ की है। वितà¥à¤¤ वरà¥à¤· 2020 के बाद से à¤à¤œà¥‡à¤‚सी ने आधे से अधिक पेंडिंग आवेदनों की संखà¥à¤¯à¤¾ को कम कर दिया है। FY2023 के अंत तक, USCIS के पास लगà¤à¤— 408,000 पेंडिंग नेचरलाइजेशन आवेदन थे, जो FY2022 के अंत में 550,000 से कम थे। FY2021 के अंत में 840,000 और वितà¥à¤¤ वरà¥à¤· 2020 के अंत में 943,000 थे।
ADVERTISEMENT
ADVERTISEMENT
Comments
Start the conversation
Become a member of New India Abroad to start commenting.
Sign Up Now
Already have an account? Login