à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ पà¥à¤°à¤§à¤¾à¤¨à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ नरेंदà¥à¤° मोदी की अगà¥à¤µà¤¾à¤ˆ में वितà¥à¤¤ मंतà¥à¤°à¥€ निरà¥à¤®à¤²à¤¾ सीतारमण आगामी 1 फरवरी को केंदà¥à¤°à¥€à¤¯ बजट पेश करते समय दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ की पांचवीं सबसे बड़ी अरà¥à¤¥à¤µà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ को संसद में पेश करेंगी। अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ है कि कमजोर विनिरà¥à¤®à¤¾à¤£ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° और धीमी कॉरà¥à¤ªà¥‹à¤°à¥‡à¤Ÿ निवेश वृदà¥à¤§à¤¿ के कारण 2024-25 में à¤à¤¾à¤°à¤¤ की विकास दर (GDP गà¥à¤°à¥‹à¤¥ रेट) घटकर 6.4% रहने का अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ है, जो पिछले चार वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ में सबसे धीमी होगी। सरकार की कोशिश सà¥à¤¸à¥à¤¤ पड़ते आरà¥à¤¥à¤¿à¤• विकास को रोकने और वैशà¥à¤µà¤¿à¤• वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¾à¤° के अनिशà¥à¤šà¤¿à¤¤ वरà¥à¤· की तैयारी करने की कोशिश कर सकते हैं। अरà¥à¤¥à¤¶à¤¾à¤¸à¥à¤¤à¥à¤°à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को उमà¥à¤®à¥€à¤¦ है कि उपà¤à¥‹à¤— को मजबूत करने और सà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥€à¤¯ विनिरà¥à¤®à¤¾à¤£ को पà¥à¤°à¥‹à¤¤à¥à¤¸à¤¾à¤¹à¤¿à¤¤ करने के लिठशà¥à¤²à¥à¤• कटौती जैसी नीतिगत बदलाव किठजा सकते हैं ताकि आरà¥à¤¥à¤¿à¤• वृदà¥à¤§à¤¿ को बढ़ावा दिया जा सके।
निजी निवेश वृदà¥à¤§à¤¿ 2024-25 में 6.4% तक रहने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है, जो पिछले वरà¥à¤· के 9% की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में कम है। वहीं, उपà¤à¥‹à¤—, जो सकल घरेलू उतà¥à¤ªà¤¾à¤¦ (GDP) का लगà¤à¤— 58% है, के 7.3% सालाना बढ़ने का अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ है, जो पिछले वितà¥à¤¤ वरà¥à¤· के 4% से अधिक है। बड़ी उपà¤à¥‹à¤•à¥à¤¤à¤¾ कंपनियों के तिमाही नतीजों के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, शहरी मधà¥à¤¯à¤® वरà¥à¤— की डिसà¥à¤•à¥à¤°à¥‡à¤¶à¤¨à¤°à¥€ (वैकलà¥à¤ªà¤¿à¤•) खरà¥à¤š करने की कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ कमजोर वेतन वृदà¥à¤§à¤¿ के कारण पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ हà¥à¤ˆ है। हालांकि, 2024 में अचà¥à¤›à¥‡ मानसून के चलते गà¥à¤°à¤¾à¤®à¥€à¤£ मांग में सà¥à¤§à¤¾à¤° हà¥à¤† है। वैशà¥à¤µà¤¿à¤• असà¥à¤¥à¤¿à¤°à¤¤à¤¾ के बीच विकास दर में मंदी ने हाल ही में आठशेयर बाजार में तेजी (रैली) को खतà¥à¤® कर दिया है।
महंगाई
दिसंबर में à¤à¤¾à¤°à¤¤ की खà¥à¤¦à¤°à¤¾ महंगाई दर घटकर 5.2% हो गई, जो चार महीने का निचला सà¥à¤¤à¤° है। इससे उमà¥à¤®à¥€à¤¦ बढ़ी है कि देश का केंदà¥à¤°à¥€à¤¯ बैंक फरवरी में बà¥à¤¯à¤¾à¤œ दरों में कटौती कर सकता है। हालांकि, उपà¤à¥‹à¤•à¥à¤¤à¤¾ खरà¥à¤š का लगà¤à¤— 50% हिसà¥à¤¸à¤¾ खादà¥à¤¯ वसà¥à¤¤à¥à¤“ं पर जाता है, और इसमें दिसंबर में महंगाई दर 8.39% बनी रही। सबà¥à¤œà¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की कीमतें 26.56% की चौंकाने वाली दर से बढ़ीं।
बेरोजगारी
à¤à¤¾à¤°à¤¤ की विशाल आबादी के बावजूद मोदी सरकार को परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ रोजगार सृजन न करने को लेकर आलोचना का सामना करना पड़ रहा है। सरकारी आंकड़ों के अनà¥à¤¸à¤¾à¤°, 15 वरà¥à¤· और उससे अधिक उमà¥à¤° के वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ के लिठबेरोजगारी दर 2017-18 में 6% से घटकर 2023-24 में 3.2% हो गई। लेकिन निजी संसà¥à¤¥à¤¾ Centre for Monitoring Indian Economy (CMIE) का अनà¥à¤®à¤¾à¤¨ है कि 2023-24 में बेरोजगारी दर 8.05% थी, जो पिछले वरà¥à¤· के 7.56% से अधिक है।
राजकोषीय घाटा
मोदी सरकार ने 2024-25 के लिठराजकोषीय घाटा 4.9% से नीचे रखने का लकà¥à¤·à¥à¤¯ रखा है और अगले वितà¥à¤¤à¥€à¤¯ वरà¥à¤· में इसे 4.5% से कम करने की योजना बनाई है। महामारी के दौरान 2020-21 में यह घाटा 9.3% तक पहà¥à¤‚च गया था। 2026-27 से à¤à¤¾à¤°à¤¤ राजकोषीय घाटे को पà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤•ता देने की बजाय GDP-अनà¥à¤ªà¤¾à¤¤ में करà¥à¤œ को कम करने पर धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ देगा।
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