नà¥à¤¯à¥‚यॉरà¥à¤• सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ वाणिजà¥à¤¯ दूतावास ने उन खबरों को अफवाह बताया है, जिनमें कहा गया था कि ओसीआई (ओवरसीज सिटीजन ऑफ इंडिया) कारà¥à¤¡ धारकों पर à¤à¤¾à¤°à¤¤ में पà¥à¤°à¤µà¥‡à¤¶ पर पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¬à¤‚ध लगाया गया है। दूतावास ने सà¥à¤ªà¤·à¥à¤Ÿ किया है कि OCI कारà¥à¤¡ धारकों के लिठपà¥à¤°à¤¾à¤¨à¥‡ पà¥à¤°à¤¾à¤µà¤§à¤¾à¤¨ ही लागू रहेंगे और इसमें कोई नया बदलाव नहीं किया गया है। दूतावास ने कहा कि लोगों को डरने की जरूरत नहीं है। कà¥à¤› लोग OCI कारà¥à¤¡ से जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ नियमों के बारे में गलत बातें फैला रहे हैं।
à¤à¤• आधिकारिक बयान में दूतावास ने कहा, 'हमें कà¥à¤› खबरों के बारे में पता चला है जो यह गलत बात फैला रही हैं कि हाल ही में OCI कारà¥à¤¡ वालों पर कà¥à¤› नठनियम लगाठगठहैं। OCI कारà¥à¤¡ वालों के लिठकोई नया नियम नहीं बनाया गया है। 4 मारà¥à¤š, 2021 को निकला गजैट नोटिफिकेशन जिसमें OCI कारà¥à¤¡ वालों के अधिकारों के बारे में लिखा है, वो अà¤à¥€ à¤à¥€ मानà¥à¤¯ है।'
हाल ही में मीडिया में कà¥à¤› खबरें आई थीं जिनमें दावा किया गया था कि OCI नियमों में बदलाव के बाद OCI धारकों को 'विदेशी नागरिक' के रूप में वरà¥à¤—ीकृत किया गया है, जिससे उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ पहले मिलने वाले अधिकार छीन लिठगठहैं। इन खबरों में यह à¤à¥€ कहा गया था कि अब कà¥à¤› कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में जाने के लिठOCI धारकों को परमिट की जरूरत होगी। इससे वैशà¥à¤µà¤¿à¤• à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ के सदसà¥à¤¯à¥‹à¤‚ के लिठयातà¥à¤°à¤¾, वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤¾à¤° और धारà¥à¤®à¤¿à¤• गतिविधियां कठिन हो जाà¤à¤‚गी।
कई NRI इन खबरों से नाराज हो गà¤à¥¤ उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ डर है कि इन नियमों से à¤à¤¾à¤°à¤¤ और विदेशों में रहने वाले à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ नागरिकों के रिशà¥à¤¤à¥‡ खराब हो सकते हैं। कà¥à¤› लोगों ने इसके आरà¥à¤¥à¤¿à¤• नà¥à¤•सान के बारे में à¤à¥€ चिंता जाहिर की है। उनका कहना है कि OCI लोग à¤à¤¾à¤°à¤¤ में फॉरेन डायरेकà¥à¤Ÿ इनवेसà¥à¤Ÿà¤®à¥‡à¤‚ट (FDI) को बà¥à¤¾à¤µà¤¾ देने में महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾à¤¤à¥‡ हैं। कà¥à¤› लोगों को डर है कि इन नियमों से विशà¥à¤µà¤¾à¤¸ घट सकता है और लोग आगे निवेश करने से डर सकते हैं।
NRI निवेश के लिठजà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ मजबूत कानूनी सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ की मांग à¤à¥€ हो रही है। लोग यह कह रहे हैं कि विदेशों में रहने वाले à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ का बहà¥à¤¤ जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ योगदान है, और वह बहà¥à¤¤ सारे कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में काम करते हैं। कà¥à¤› लोग यह à¤à¥€ कह रहे हैं कि इन नियमों का उनके निजी और आरà¥à¤¥à¤¿à¤• जीवन पर लंबे समय तक असर पड़ सकता है।
इन तमाम चिंताओं के बीच à¤à¤¾à¤°à¤¤ सरकार का कहना है कि मारà¥à¤š 2021 से OCI के नियमों में कोई बदलाव नहीं किया गया है और नठपà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¬à¤‚धों की खबरें बेबà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤¦ हैं। फिर à¤à¥€, इस बहस ने à¤à¤¾à¤°à¤¤ के à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ में OCI की à¤à¥‚मिका, आरà¥à¤¥à¤¿à¤• और सामाजिक दोनों दृषà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ोण के बारे में à¤à¤• वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• चरà¥à¤šà¤¾ छेड़ दी है।
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