फà¥à¤²à¥‹à¤°à¤¿à¤¡à¤¾ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ à¤à¤®à¥à¤¬à¥à¤°à¥€-रिडल à¤à¤¯à¤°à¥‹à¤¨à¥‰à¤Ÿà¤¿à¤•ल यूनिवरà¥à¤¸à¤¿à¤Ÿà¥€ में इंजीनियरिंग फिजिकà¥à¤¸ के पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¸à¤° और सà¥à¤ªà¥‡à¤¸ à¤à¤‚ड à¤à¤Ÿà¤®à¥‰à¤¸à¥à¤«à¥‡à¤°à¤¿à¤• इंसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‚मेंटेशन लैब (SAIL) के निदेशक à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ मूल के वैजà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤¿à¤• आरोह बड़जातà¥à¤¯à¤¾ 8 अपà¥à¤°à¥ˆà¤² को पूरà¥à¤£ सूरà¥à¤¯ गà¥à¤°à¤¹à¤£ के साथ à¤à¤• वैजà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤¿à¤• मिशन का नेतृतà¥à¤µ कर रहे हैं। बड़जातà¥à¤¯à¤¾ को सूरà¥à¤¯ के अनदेखे राज खोलने वाले à¤à¤• बड़े मिशन की जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ सौंपी गई है। इस खगोलीय घटना को उतà¥à¤¤à¤°à¥€ अटलांटिक से लगे मेकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो, अमेरिका और कनाडा में रहने वाले लोग साफ देख सकेंगे।
गà¥à¤°à¤¹à¤£ उतà¥à¤¤à¤°à¥€ अमेरिका को पार करेगा, मैकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो, टेकà¥à¤¸à¤¾à¤¸ से मेन और कनाडा के अटलांटिक तट से गà¥à¤œà¤°à¥‡à¤—ा। गà¥à¤°à¤¹à¤£ के दौरान चंदà¥à¤°à¤®à¤¾, सूरà¥à¤¯ को पूरी तरह से अवरà¥à¤¦à¥à¤§ कर देगा, जिसके परिणामसà¥à¤µà¤°à¥‚प आकाश में असà¥à¤¥à¤¾à¤¯à¥€ रूप से अंधेरा छा जाà¤à¤—ा। सूरà¥à¤¯ गà¥à¤°à¤¹à¤£ के दौरान इन देशों के कà¥à¤› हिसà¥à¤¸à¥‹à¤‚ में आसमान कà¥à¤› देर के लिठकाला हो जाà¤à¤—ा। पूरà¥à¤£ सूरà¥à¤¯ गà¥à¤°à¤¹à¤£ जिस रासà¥à¤¤à¥‡ से होकर गà¥à¤œà¤°à¥‡à¤—ा, उसे पॉथ ऑफ टोटलिटी कहते हैं। यह 181 किलोमीटर चौड़ी पटà¥à¤Ÿà¥€ के साथ मेकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो से शà¥à¤°à¥‚ होगा और अमेरिका होते हà¥à¤ कनाडा तक जाà¤à¤—ा।
नासा ने बड़जातà¥à¤¯à¤¾ के नेतृतà¥à¤µ में à¤à¤•à¥à¤²à¤¿à¤ªà¥à¤¸ पाथ (APEP) मिशन के आसपास वायà¥à¤®à¤‚डलीय उतार चढ़ाव की घोषणा की है। नासा वरà¥à¤œà¥€à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में नासा के वालà¥à¤²à¥‹à¤ªà¥à¤¸ फà¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿ फैसिलिटी से तीन बà¥à¤²à¥ˆà¤• बà¥à¤°à¥ˆà¤‚ट IX साउंडिंग रॉकेट तैनात करेगा। मिशन का उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥à¤¯ पृथà¥à¤µà¥€ के ऊपरी वायà¥à¤®à¤‚डल के à¤à¤• कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° आयनमंडल पर सूरà¥à¤¯ के अचानक गायब होने के पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¥‹à¤‚ की जांच करना है। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने बताया कि इस मिशन का उदà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥à¤¯ यह देखना है कि सूरà¥à¤¯ की रोशनी में अचानक आई कमी हमारे ऊपरी वायà¥à¤®à¤‚डल को किस तरह पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¿à¤¤ करती है।
14 अकà¥à¤Ÿà¥‚बर, 2023 के आंशिक सूरà¥à¤¯ गà¥à¤°à¤¹à¤£ के दौरान नà¥à¤¯à¥‚ मैकà¥à¤¸à¤¿à¤•ो की वà¥à¤¹à¤¾à¤‡à¤Ÿ सैंडà¥à¤¸ मिसाइल रेंज से किठगठपहले मिशन पर विचार करते हà¥à¤ बड़जातà¥à¤¯à¤¾ ने कहा कि छाया के गà¥à¤œà¤°à¤¨à¥‡ के साथ ही हमने चारà¥à¤œà¥à¤¡ पारà¥à¤Ÿà¤¿à¤•ल डेंसिटी में उलà¥à¤²à¥‡à¤–नीय कमी देखी। इसके अलावा हमने दूसरे और तीसरे रॉकेट में गड़बड़ी की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤ और पà¥à¤°à¤—ति का पता लगाया।
बड़जातà¥à¤¯à¤¾ ने कहा कि इन निषà¥à¤•रà¥à¤·à¥‹à¤‚ की पूरà¥à¤£ गà¥à¤°à¤¹à¤£ के दौरान à¤à¤•तà¥à¤°à¤¿à¤¤ आंकड़ों से तà¥à¤²à¤¨à¤¾ करके हमारा लकà¥à¤·à¥à¤¯ यह जांचना है कि कà¥à¤¯à¤¾ डिसà¥à¤Ÿà¤°à¥à¤¬à¥‡à¤‚स à¤à¤• ही ऊंचाई पर उतà¥à¤ªà¤¨à¥à¤¨ हà¥à¤† और कà¥à¤¯à¤¾ उनकी तीवà¥à¤°à¤¤à¤¾ लगातार बनी हà¥à¤ˆ है। बड़जातà¥à¤¯à¤¾ ने आयनà¥à¤¸à¤«à¥‡à¤°à¤¿à¤• गड़बड़ी का अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ करने में उपगà¥à¤°à¤¹à¥‹à¤‚ के पारंपरिक उपयोग पर रोशनी डाली।
बड़जातà¥à¤¯à¤¾ ने बताया कि उपगà¥à¤°à¤¹à¥‹à¤‚ को पारंपरिक रूप से आयनà¥à¤¸à¤«à¥‡à¤°à¤¿à¤• गड़बड़ी का अधà¥à¤¯à¤¯à¤¨ करने के लिठनियोजित किया गया है, जो कई वरà¥à¤·à¥‹à¤‚ में वà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¤• जानकारी पेश करते हैं। हालांकि, उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा कि गà¥à¤°à¤¹à¤£ जैसी विशिषà¥à¤Ÿ घटनाओं का पता लगाने के लिठसैटेलाइटà¥à¤¸ को हमेशा उचित रूप से तैनात नहीं किया जा सकता है।
उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा कि सैटेलाइट आमतौर पर 300 किमी से अधिक ऊंचाई पर काम करते हैं, जो गà¥à¤°à¤¹à¤£ जैसी घटनाओं के दौरान आयनसà¥à¤«à¥‡à¤¯à¤° के निचले सà¥à¤¤à¤° पर डेटा को पकड़ने की उनकी कà¥à¤·à¤®à¤¤à¤¾ को सीमित कर सकता है। बड़जातà¥à¤¯à¤¾ ने विशेष रूप से आयनसà¥à¤«à¥‡à¤¯à¤° की कम ऊंचाई पर केंदà¥à¤°à¤¿à¤¤ वैजà¥à¤žà¤¾à¤¨à¤¿à¤• जांच करने के लिठसाउंडिंग रॉकेटों की उपयोगिता पर जोर दिया। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा कि 8 अपà¥à¤°à¥ˆà¤² को सूरà¥à¤¯ गà¥à¤°à¤¹à¤£ के बाद अगला पूरà¥à¤£ सूरà¥à¤¯ गà¥à¤°à¤¹à¤£ जो 23 अगसà¥à¤¤, 2044 को अमेरिका में नजर आà¤à¤—ा।
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