मिनेपोलिस (अमेरिका) में रहने वाली संगीतकार, गायिका, शिकà¥à¤·à¤¿à¤•ा और विदà¥à¤µà¤¾à¤¨ डॉ. पूजा गोसà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ पवन ने संगीत के महान उसà¥à¤¤à¤¾à¤¦ दिवंगत जाकिर हà¥à¤¸à¥ˆà¤¨ को समरà¥à¤ªà¤¿à¤¤ à¤à¤• नया मà¥à¤¯à¥‚जिक वीडियो जारी किया है। पवन ने पà¥à¤°à¤¸à¤¿à¤¦à¥à¤§ संत कबीर दास की अमरवाणी (कबीर की रचनाओं) को आधार बनाकर à¤à¤• नया संगीत तैयार किया है, जो उसà¥à¤¤à¤¾à¤¦ जाकिर हà¥à¤¸à¥ˆà¤¨ की याद और विरासत को शà¥à¤°à¤¦à¥à¤§à¤¾à¤‚जलि है।
यह मà¥à¤¯à¥‚जिक वीडियो 9 मारà¥à¤š को जारी किया गया, जो उसà¥à¤¤à¤¾à¤¦ जाकिर हà¥à¤¸à¥ˆà¤¨ का 74वां जनà¥à¤®à¤¦à¤¿à¤¨ है। उसà¥à¤¤à¤¾à¤¦ जाकिर हà¥à¤¸à¥ˆà¤¨ à¤à¤• पà¥à¤°à¥‡à¤°à¤£à¤¾à¤¦à¤¾à¤¯à¤• संगीतकार थे और उनकी यादें हमेशा जीवित रहेंगी। कबीर के ये छंद à¤à¥€ इसी बात को दरà¥à¤¶à¤¾à¤¤à¥‡ हैं।
10 मारà¥à¤š को इंसà¥à¤Ÿà¤¾à¤—à¥à¤°à¤¾à¤® पर à¤à¤• पोसà¥à¤Ÿ में पूजा ने बताया कि उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤—त रूप से उसà¥à¤¤à¤¾à¤¦ जाकिर हà¥à¤¸à¥ˆà¤¨ की करà¥à¤£à¤¾ और सà¥à¤¨à¥‡à¤¹ देखा था। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने लिखा, 'जब à¤à¥€ मैं उनसे मिली, à¤à¤¸à¤¾ लगा जैसे सूरज के सामने खड़ी हूं।उनका वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ इतना पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¤¶à¤¾à¤²à¥€ था कि मैं कà¥à¤› बोल à¤à¥€ नहीं पाती थी। लेकिन उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने हमेशा मà¥à¤à¥‡ पà¥à¤¯à¤¾à¤° से सलाह दी और कहा, ‘अपनी आवाज खोजो, पूजा।’
उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने आगे कहा, 'मैं उनके टà¥à¤µà¤¿à¤¨ सिटीज (मिनेसोटा) में आने का इंतजार कर रही थी ताकि उनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ अपना कबीर के गीतों का नया à¤à¤²à¥à¤¬à¤® à¤à¥‡à¤‚ट कर सकूं। लेकिन किसà¥à¤®à¤¤ को कà¥à¤› और ही मंजूर था। आज उनके जनà¥à¤®à¤¦à¤¿à¤¨ पर, मैं खà¥à¤¦ को यह कहकर सांतà¥à¤µà¤¨à¤¾ देती हूं कि मैं यह कबीर का गीत उनके शानदार जीवन और विरासत को समरà¥à¤ªà¤¿à¤¤ करती हूं।'
डॉ. पूजा गोसà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ ने बताया कि यह गीत गà¥à¤°à¥ के बारे में है, जो हर जगह और हमेशा मौजूद हैं।
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