पॉलिसी à¤à¤‚ड सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤Ÿà¤œà¥€ फाउंडेशन फॉर इंडिया à¤à¤‚ड इंडियन डायसà¥à¤ªà¥‹à¤°à¤¾ सà¥à¤Ÿà¤¡à¥€à¤œ (FIIDS) के अधà¥à¤¯à¤•à¥à¤· और पà¥à¤°à¤®à¥à¤– खांडेराव कंद ने बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों के बढ़ते उतà¥à¤ªà¥€à¤¡à¤¼à¤¨ का मà¥à¤¦à¥à¤¦à¤¾ उठाया है। उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने अमेरिका के टॉप लीडरशिप को इस संबंध में à¤à¤• पतà¥à¤° लिखा है। इस पतà¥à¤° में उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों के बढ़ते उतà¥à¤ªà¥€à¤¡à¤¼à¤¨ के साथ ही अंतरिम सरकार के अधीन बढ़ते कटà¥à¤Ÿà¤°à¤µà¤¾à¤¦ पर FIIDS की चिंता वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤ की है।
ये पतà¥à¤° नवनिरà¥à¤µà¤¾à¤šà¤¿à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤ªà¤¤à¤¿ डोनालà¥à¤¡ टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª, उनकी टà¥à¤°à¤¾à¤‚जिशन टीम, सीनेटर मारà¥à¤•ो रà¥à¤¬à¤¿à¤¯à¥‹, पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¨à¤¿à¤§à¤¿ वालà¥à¤Ÿà¥à¤œ, पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¨à¤¿à¤§à¤¿ तà¥à¤²à¤¸à¥€ गबारà¥à¤¡, विवेक रामासà¥à¤µà¤¾à¤®à¥€ के साथ-साथ राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤ªà¤¤à¤¿ जो बाइडन, सचिव à¤à¤‚टनी बà¥à¤²à¤¿à¤‚कन, IRF राजदूत राशद हà¥à¤¸à¥ˆà¤¨ और USCIR के कारà¥à¤¯à¤•ारी निदेशक à¤à¤°à¤¿à¤¨ डी. सिंगशिंसà¥à¤• को à¤à¥‡à¤œà¥‡ गठहैं।
हाल ही की घटनाओं, जिसमें 25 नवंबर को हिंदू संनà¥à¤¯à¤¾à¤¸à¥€ चिनà¥à¤®à¤¯ कृषà¥à¤£ दास बà¥à¤°à¤¹à¥à¤®à¤šà¤¾à¤°à¥€ की गिरफà¥à¤¤à¤¾à¤°à¥€, इंटरनेशनल सोसाइटी फॉर कृषà¥à¤£à¤¾ कॉनà¥à¤¶à¤¿à¤¯à¤¸à¤¨à¥‡à¤¸ (ISKCON) पर पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¬à¤‚ध लगाने के पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ और संविधान से 'धरà¥à¤®à¤¨à¤¿à¤°à¤ªà¥‡à¤•à¥à¤·' शबà¥à¤¦ को हटाने के पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ शामिल हैं, इसने गंà¤à¥€à¤° चिंता पैदा की है।
खांडेराव ने कहा, 'मैं बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों के खिलाफ अतà¥à¤¯à¤¾à¤šà¤¾à¤°à¥‹à¤‚, à¤à¤• हिंदू साधॠकी गिरफà¥à¤¤à¤¾à¤°à¥€à¥¤ जिहादी चरमपंथी संगठनों को नजरअंदाज करते हà¥à¤, मानवीय धारà¥à¤®à¤¿à¤• अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤• संसà¥à¤¥à¤¾ इसà¥à¤•ॉन पर पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¬à¤‚ध लगाने के उसके चौंकाने वाले पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ की कड़ी निंदा करता हूं।'
बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ के घटनाकà¥à¤°à¤® पर पर अपनी राय रखते हà¥à¤ उनà¥à¤¹à¥‹à¤‚ने कहा, 'बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ तेजी से कटà¥à¤Ÿà¤° इसà¥à¤²à¤¾à¤®à¥€ देश बनता जा रहा है। ये सब अमेरिका, सà¥à¤Ÿà¥‡à¤Ÿ डिपारà¥à¤Ÿà¤®à¥‡à¤‚ट और UN की नजरों के सामने हो रहा है। à¤à¤¸à¥‡ में अब तà¥à¤°à¤‚त à¤à¤•à¥à¤¶à¤¨ लेना चाहिठताकि वहां डेमोकà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥€ वापस आठऔर अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों की हिफाजत हो। मैं सिरà¥à¤« राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤ªà¤¤à¤¿ बाइडन से ही नहीं, बलà¥à¤•ि नवनिरà¥à¤µà¤¾à¤šà¤¿à¤¤ राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤ªà¤¤à¤¿ टà¥à¤°à¤®à¥à¤ª और उनकी टà¥à¤°à¤¾à¤‚जिशन टीम से à¤à¥€ गà¥à¤œà¤¾à¤°à¤¿à¤¶ करता हूं कि बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में शांति बहाल करने और अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों की सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ को पà¥à¤°à¤¾à¤¥à¤®à¤¿à¤•ता दें।'
इस संगठन ने अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों, खासकर हिंदà¥à¤“ं के साथ हà¥à¤ à¤à¤¤à¤¿à¤¹à¤¾à¤¸à¤¿à¤• जà¥à¤²à¥à¤®à¥‹ सितम पर à¤à¥€ धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ उजागर किया है। दशकों से हिंदà¥à¤“ं को लगातार हिंसा का सामना करना पड़ रहा है। उनकी आबादी à¤à¥€ लगातार कम होती जा रही है। FIIDS बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤• समà¥à¤¦à¤¾à¤¯à¥‹à¤‚ की सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ और धरà¥à¤®à¤¨à¤¿à¤°à¤ªà¥‡à¤•à¥à¤· मूलà¥à¤¯à¥‹à¤‚ को बचाठरखने के लिठतà¥à¤°à¤‚त कारà¥à¤°à¤µà¤¾à¤ˆ करने का आहà¥à¤µà¤¾à¤¨ करता है।
पतà¥à¤° में यह à¤à¥€ बताया गया है कि 1971 के मà¥à¤•à¥à¤¤à¤¿ संगà¥à¤°à¤¾à¤® के दौरान तकरीबन 30 लाख लोग मारे गठथे, जिनमें हिंदà¥à¤“ं को जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ निशाना बनाया गया था। इसे आम तौर पर नरसंहार माना जाता है। 1947 से बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में हिंदू आबादी 20 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ से घटकर 8 पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¶à¤¤ से à¤à¥€ कम हो गई है। दशकों से चल रही हिंसा, जबरन धरà¥à¤® परिवरà¥à¤¤à¤¨ और à¤à¥‡à¤¦à¤à¤¾à¤µ इसकी वजह है।
पà¥à¤°à¤§à¤¾à¤¨à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शेख हसीना के जाने के बाद से राजनीतिक अशांति बॠगई है जिससे बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों पर जà¥à¤²à¥à¤® और बॠगठहैं। 200 से अधिक मंदिरों, इसà¥à¤•ॉन केंदà¥à¤°à¥‹à¤‚ और अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤• इलाकों पर हमले हो चà¥à¤•े हैं। साथ ही, सरकार इसà¥à¤•ॉन पर बैन लगाने की कोशिश कर रही है और उसे 'धारà¥à¤®à¤¿à¤• कटà¥à¤Ÿà¤°à¤ªà¤‚थी संगठन' कह रही है।
FIIDS ने अमेरिकी पà¥à¤°à¤¶à¤¾à¤¸à¤¨ से आगà¥à¤°à¤¹ किया है कि वह बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में इस संकट से निपटने के लिठठोस कदम उठाà¤à¥¤ इसमें अंतरिम सरकार पर दबाव बनाना शामिल है ताकि चिनà¥à¤®à¤¯ कृषà¥à¤£ दास को रिहा किया जा सके। इसà¥à¤•ॉन की रकà¥à¤·à¤¾ की जा सके और अलà¥à¤ªà¤¸à¤‚खà¥à¤¯à¤•ों खासकर हिंदà¥à¤“ं के खिलाफ हिंसा को रोका जा सके।
ADVERTISEMENT
ADVERTISEMENT
Comments
Start the conversation
Become a member of New India Abroad to start commenting.
Sign Up Now
Already have an account? Login