अमेरिका में घूमते- घूमते हमने क़रीब 25 या 27 राजà¥à¤¯ पूरे कर लिठथे। à¤à¤¸à¥‡ में à¤à¤• दिन हमें खयाल आया कि कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ न अब बाक़ी के बचे हà¥à¤ राजà¥à¤¯à¥‹à¤‚ को ही घूमा जाठऔर पचासों राजà¥à¤¯ की यातà¥à¤°à¤¾ पूरी की जाà¤à¥¤ हमने बचे हà¥à¤ राजà¥à¤¯à¥‹à¤‚ की à¤à¤• लिसà¥à¤Ÿ बना ली। उस लिसà¥à¤Ÿ में दूरी और कम पà¥à¤°à¤šà¤²à¤¿à¤¤ जगह, कम पà¥à¤°à¤šà¤²à¤¿à¤¤ जगह पर जाने और रहने के बड़े खरà¥à¤š की वजह से नॉरà¥à¤¥ और साउथ डकोटा हर बार कहीं जाने के पà¥à¤²à¤¾à¤¨ में अंत में आते। जाने और रहने का खरà¥à¤š थोड़ा महंगा इस सेंस में होता कि हर जगह से डायरेट फ़à¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿ नहीं। कम à¤à¤¯à¤°à¤²à¤¾à¤‡à¤¨ इस रूट पर हैं तो जाहिर है महंगा टिकट। दूसरा यह की इतनी दूर जाना हो तो कम से à¤à¤• सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ तो रहा जाà¤à¥¤ वैसे घूमते-फिरते इतना तो मालूम हो ही गया था कि कई बार जिन जगहों की बहà¥à¤¤ तारीफ़ सà¥à¤¨à¥€ होती थी वह बस तारीफ़ à¤à¤° ही होती। वहीं कà¥à¤› जगह छिपे हà¥à¤ खजाने की तरह होतीं।
अब पचास राजà¥à¤¯ पूरा होने में पांच ही बचे थें। à¤à¤¸à¥‡ में हमें नारà¥à¤¥ और साउथ डकोटा ही जाना था। कई बार यह अफ़सोस à¤à¥€ होता कि काश आयोवा, नेबà¥à¤°à¤¸à¥à¤•ा या फिर वायोमिंग घूमते वक़à¥à¤¤ ही थोड़े दिन और छà¥à¤Ÿà¥à¤Ÿà¥€ लेकर उसी वक़à¥à¤¤ यह à¤à¥€ घूम लिया होता। इसका मà¥à¤–à¥à¤¯ कारण यह कि यह दो राजà¥à¤¯ इन तीनों राजà¥à¤¯à¥‹à¤‚ से सटे हैं। ख़ैर मेरा बड़ा विशà¥à¤µà¤¾à¤¸ रहता है कि हर चीज़ का à¤à¤• वकà¥à¤¤ तय है।
इस टà¥à¤°à¤¿à¤ª के साथ à¤à¤• यह à¤à¥€ अनà¥à¤à¤µ रहा। अब से पहले हम कोई à¤à¥€ टà¥à¤°à¤¿à¤ª à¤à¤• से डेढ़ महीनें के बीच फ़ाइनल कर के टिकट वगैरह बà¥à¤• कर लिया करते थे। à¤à¤¸à¥‡ में हमने पिछले साल यानी जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ 2024 में यहां जाने का टिकट देखा। टिकट के पà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤¸ देख कर होश उड़ गà¤à¥¤ उतने में तो थोड़ा और मिला कर हम à¤à¤¾à¤°à¤¤ चले जाते। à¤à¤¸à¥‡ में सोचा छोड़ो, दिसमà¥à¤¬à¤° में चलते हैं। पर उस वक़à¥à¤¤ कà¥à¤› नेशनल पारà¥à¤• बहà¥à¤¤ ज़à¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ ठंढ की वजह से शायद बंद हो सकते थें, à¤à¤¸à¤¾ हमें à¤à¤• फ़ोरम से मालूम हà¥à¤†à¥¤
हमने अब तय कर किया लिया कि कà¥à¤› à¤à¥€ हो अगला राजà¥à¤¯ तो यही दोनों होंगें। à¤à¤¸à¥‡ में हम उसी दिन बैठकर 2025 के मारà¥à¤š से जà¥à¤²à¤¾à¤ˆ तक के टिकट और मौसम का आकड़ा निकालना शà¥à¤°à¥‚ किया । à¤à¤• सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ की छà¥à¤Ÿà¥à¤Ÿà¥€, मौसम और पहले टिकट के हिसाब से जून में सब कà¥à¤› हमारे अनà¥à¤¸à¤¾à¤° फिट बैठा और हमने टिकट होटल और कार रेंट दो-चार दिन के à¤à¥€à¤¤à¤° बà¥à¤• कर लिया। यह अब तक की हमारी पहली यातà¥à¤°à¤¾ रही जिसकी तैयारी हमने क़रीब छह-सात महीनें पहले कर ली थी।
जितना इंतज़ार हमनें किया उससे कहीं ज़à¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ पà¥à¤¯à¤¾à¤° इन राजà¥à¤¯à¥‹à¤‚ ने हमपर लà¥à¤Ÿà¤¾à¤¯à¤¾à¥¤ मौसम के सारे रंग तो दिखाठही, अपनी ख़ूबसूरती से मन à¤à¥€ मोहा। कई बार मैं यही सोचती रही कि हम à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ यहां इतना कम कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ आते हैं? मà¥à¤à¥‡ यह इस कदर पसंद आया कि अगर कम दूरी होती तो मैं फिर यहां जाती। हां, यहां जितने मैंने नो लिटरिंग( कचरा न फेकें) के बोरà¥à¤¡ देखे उतने अमेरिका के किसी राजà¥à¤¯ में नहीं देखे। कम आबादी, खूब साफ़ सà¥à¤¥à¤°à¤¾, हरा-à¤à¤°à¤¾, घà¥à¤®à¤¾à¤µà¤¦à¤¾à¤°- रंगीन पहाड़ियां, जीव-जंतॠऔर ढेर सारे कैंपिंग गà¥à¤°à¤¾à¤‰à¤‚ड।
अगली बार लिखूंगी कहां घूमें, कà¥à¤¯à¤¾ देखें और उस जगह का विवरण। आज यह लेख पूरा हो उससे पहले जान ले कैसे जाà¤à¤‚?
अगर आप इससे सटे किसी राजà¥à¤¯ (आयोवा, नेबà¥à¤°à¥‡à¤¸à¥à¤•ा, वायोमिंग, मोटाना या थोड़ी दूर विसà¥à¤•ॉनà¥à¤¸à¤¿à¤¨ या डेनवर) में हैं तो बाई डà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤µ इज बेसà¥à¤Ÿ ऑपà¥à¤¶à¤¨à¥¤ फ़à¥à¤²à¤¾à¤‡à¤Ÿ आप रैपिड सिटी या सू फॉल के लिये ले सकते हैं। पर मेरे हिसाब से रैपिड सिटी का लेना बेहतर होगा। कारण, साउथ डकोटा के कà¥à¤› महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ अटà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤¶à¤¨ इसी à¤à¤¯à¤°à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ से पास है। à¤à¤¸à¥‡ में आप ज़à¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ डà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤µà¤¿à¤‚ग से थोड़ा बच सकतें हैं।
रैपिड सिटी में रहने के लिठठीक होटल हैं। खाने के à¤à¥€ ठीक ठिकाने हैं। पर बहà¥à¤¤ ज़à¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ चेन वाली शॉपà¥à¤¸ नहीं हैं। लगà¤à¤— हर à¤à¤• शहर में à¤à¤• à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ रेसà¥à¤Ÿà¥‹à¤°à¥‡à¤‚ट है। वह कैसे वह अगली बार लिखूंगी।
धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रखने योगà¥à¤¯...
जब à¤à¥€ आप यातà¥à¤°à¤¾ शà¥à¤°à¥‚ करें सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ कर लें कि आपकी गाड़ी में गैस फà¥à¤² हो। साथ में पानी की à¤à¤•à¥à¤¸à¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¾ बॉटल हो, खाने की कà¥à¤› चीजें हों और बाथरूम वगैरह हो चà¥à¤•ें हों। इसका कारण गैस सà¥à¤Ÿà¥‡à¤¶à¤¨ की बीच की दूरी, हाईवे पर कोई à¤à¤—à¥à¤œà¤¿à¤Ÿ या रेसà¥à¤Ÿ à¤à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ का क़रीब न होना है।
कà¥à¤°à¤®à¤¶à¤ƒ
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