अमेरिका में à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ पà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¸à¥€ समà¥à¤¦à¤¾à¤¯ की बढ़ती संखà¥à¤¯à¤¾ के साथ अपनी सांसà¥à¤•ृतिक विरासत को बनाठरखने की इचà¥à¤›à¤¾ à¤à¥€ बढ़ रही है। हिंदी, जो à¤à¤¾à¤°à¤¤ की पà¥à¤°à¤®à¥à¤– à¤à¤¾à¤·à¤¾à¤“ं में से à¤à¤• है, अब दूसरे पीढ़ी के à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯-अमेरिकियों के बीच लोकपà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¤à¤¾ हासिल कर रही है।
2020 में जहां अमेरिका में हिंदी बोलने वालों की संखà¥à¤¯à¤¾ 9 लाख थी। वहीं, 2024 तक यह बढ़कर लगà¤à¤— 16 लाख हो गई। इस तेजी से बढ़ते रà¥à¤à¤¾à¤¨ के साथ हिंदी à¤à¤¾à¤·à¤¾ शिकà¥à¤·à¤¾ में नठऔर पà¥à¤°à¤à¤¾à¤µà¥€ तरीकों की मांग à¤à¥€ बढ़ी है।
अब आरà¥à¤Ÿà¤¿à¤«à¤¿à¤¶à¤¿à¤¯à¤² इंटेलिजेंस (AI) के उदय के साथ हिंदी सीखने का तरीका à¤à¥€ बदल रहा है। नेचà¥à¤°à¤² लैंगà¥à¤µà¥‡à¤œ पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥‡à¤¸à¤¿à¤‚ग (NLP), मशीन लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग और परà¥à¤¸à¤¨à¤²à¤¾à¤‡à¤œà¥à¤¡ लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग पà¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤«à¥‰à¤°à¥à¤® जैसी AI तकनीकों के जरिठहिंदी शिकà¥à¤·à¤¾ को अधिक वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤—त, समावेशी और रोचक बनाया जा रहा है। यह तकनीकी विकास न सिरà¥à¤« हिंदी à¤à¤¾à¤·à¤¾ को सीखने और सिखाने की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ को आसान बना रहा है, बलà¥à¤•ि यह नई पीढ़ी को अपनी मातृà¤à¤¾à¤·à¤¾ से जोड़ने में à¤à¥€ महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ à¤à¥‚मिका निà¤à¤¾ रहा है।
हिंदी सीखने के तरीके को कैसे बदल रहा है AI
1. NLP के जरिठसà¥à¤®à¤¾à¤°à¥à¤Ÿ तरीके से à¤à¤¾à¤·à¤¾ सीखना
नेचà¥à¤°à¤² लैंगà¥à¤µà¥‡à¤œ पà¥à¤°à¥‹à¤¸à¥‡à¤¸à¤¿à¤‚ग (NLP) ने हिंदी सीखने का तरीका बदल दिया है। AI से लैस नठपà¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤«à¥‰à¤°à¥à¤® अब हिंदी गà¥à¤°à¤¾à¤®à¤°, शबà¥à¤¦à¤¾à¤µà¤²à¥€ और वाकà¥à¤¯à¥‹à¤‚ की बनावट को बहà¥à¤¤ बारीकी से समठऔर परख सकते हैं। BERT (बरà¥à¤Ÿ) जैसे मॉडलà¥à¤¸ की मदद से सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ को तà¥à¤°à¤‚त गलतियों के बारे में जानकारी मिलती है और सही सà¥à¤à¤¾à¤µ à¤à¥€ तà¥à¤°à¤‚त सामने आते हैं। इससे हिंदी सीखना आसान और मजेदार हो गया है।
हिंदी के लिठGrammarly (गà¥à¤°à¤¾à¤®à¤°à¤²à¥€) जैसे गà¥à¤°à¤¾à¤®à¤° चेक करने वाले टूल आ गठहैं। इसके अलावा वरà¥à¤šà¥à¤…ल चैटबॉट हैं जो बातचीत करने में मदद करते हैं। इससे कà¥à¤²à¤¾à¤¸à¤°à¥‚म जैसा माहौल अब घर बैठे मिल रहा है। Google Assistant और Amazon Alexa जैसे टूल à¤à¥€ अब हिंदी समà¤à¤¤à¥‡ और बोलते हैं। ये टूल सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ को बोलचाल और सही उचà¥à¤šà¤¾à¤°à¤£ की अचà¥à¤›à¥€ पà¥à¤°à¥ˆà¤•à¥à¤Ÿà¤¿à¤¸ कराते हैं।
2. डीप लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग से परà¥à¤¸à¤¨à¤²à¤¾à¤‡à¤œà¥à¤¡ लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग
अब हर सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट को à¤à¤• जैसा पढ़ाने का तरीका पà¥à¤°à¤¾à¤¨à¤¾ हो गया है। AI पà¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤«à¥‰à¤°à¥à¤® अब हर सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट की ताकत, कमजोरी और सीखने की सà¥à¤ªà¥€à¤¡ समà¤à¤•र उसके हिसाब से कोरà¥à¤¸ तैयार करते हैं। Duolingo (डà¥à¤“लिंगो) और HelloTalk (हैलो टॉक) जैसे à¤à¤ª गेम के जरिठहिंदी सिखाते हैं। ये à¤à¤ª AI की मदद से à¤à¤¾à¤·à¤¾ सीखने को गेम जैसा दिलचसà¥à¤ª बना देते हैं। जो जितना सीखता है, उसी के हिसाब से à¤à¤ª का लेवल आगे बढ़ता जाता है। इससे सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट की रà¥à¤šà¤¿ बनी रहती है और à¤à¤¾à¤·à¤¾ सीखना आसान लगता है।
उदाहरण के लिà¤, अगर किसी सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट को कà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ (verb) के इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² में दिकà¥à¤•त होती है, तो AI सिसà¥à¤Ÿà¤® उसे तà¥à¤°à¤‚त उस पर बेसà¥à¤¡ à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ उदाहरण देने लगता है। इससे सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट की परेशानी जलà¥à¤¦à¥€ दूर हो जाती है और उसकी पढ़ाई पूरी तरह से उसके हिसाब से ढल जाती है।
3. टेसà¥à¤Ÿà¤¿à¤‚ग और असेसमेंट में बड़ा बदलाव
अब हर सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट के लिठà¤à¤• जैसा टेसà¥à¤Ÿ करने का जमाना खतà¥à¤® हो रहा है। AI की मदद से टेसà¥à¤Ÿ अब जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ सà¥à¤®à¤¾à¤°à¥à¤Ÿ, आसान और फायदेमंद बन गठहैं। ऑटोमैटिक असेसमेंट सिसà¥à¤Ÿà¤® तà¥à¤°à¤‚त और बिना किसी पकà¥à¤·à¤ªà¤¾à¤¤ के फीडबैक देते हैं। Kahoot (कहूट) और Quizlet (कà¥à¤µà¤¿à¤œà¤²à¥‡à¤Ÿ) जैसे टूलà¥à¤¸ सिरà¥à¤« नॉलेज टेसà¥à¤Ÿ ही नहीं करते, बलà¥à¤•ि हर सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट की परफॉरà¥à¤®à¥‡à¤‚स के हिसाब से खà¥à¤¦ को à¤à¤¡à¤œà¤¸à¥à¤Ÿ à¤à¥€ करते हैं।
à¤à¤• अहम डेवलपमेंट ये à¤à¥€ है कि रिसरà¥à¤šà¤°à¥à¤¸ ने Addenbrooke’s Cognitive Examination (à¤à¤¡à¥‡à¤¨à¤¬à¥à¤°à¥à¤• कॉगà¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¤¿à¤µ à¤à¤—à¥à¤œà¤¾à¤®à¤¿à¤¨à¥‡à¤¶à¤¨) को हिंदी में à¤à¥€ तैयार किया है। इससे à¤à¤¸à¥‡ टेसà¥à¤Ÿ तैयार हà¥à¤ हैं जो à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ कलà¥à¤šà¤° के हिसाब से सही हैं। ये टेसà¥à¤Ÿ हिंदी में बिलà¥à¤•à¥à¤² सटीक नतीजे देते हैं और हर किसी को साथ लेकर चलते हैं।
4. कलà¥à¤šà¤° से जà¥à¤¡à¤¼à¤¾ और कसà¥à¤Ÿà¤®à¤¾à¤‡à¤œà¥à¤¡ कंटेंट
AI की à¤à¤• बड़ी खासियत ये है कि ये हर सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट के कलà¥à¤šà¤°à¤² बैकगà¥à¤°à¤¾à¤‰à¤‚ड के हिसाब से à¤à¤œà¥à¤•ेशनल कंटेंट तैयार कर सकता है। हिंदी की लोक कथाà¤à¤‚ हों, कविताà¤à¤‚ हों या गीत हों, AI à¤à¤¸à¥‡ कंटेंट चà¥à¤¨à¤•र देता है जो सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ की पहचान और उनके माहौल से मेल खाते हैं। खासतौर से उन बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के लिठजो मलà¥à¤Ÿà¥€-कलà¥à¤šà¤°à¤² माहौल में बड़े हो रहे हैं।
अमेरिका में रहने वाले इंडियन-अमेरिकन सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ के लिठइसका मतलब है कि वे अपनी à¤à¤¾à¤·à¤¾ के जरिठअपनी संसà¥à¤•ृति से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ गहराई से जà¥à¤¡à¤¼ सकते हैं। AI की मदद से आस-पास रहने वाले लोगों और कमà¥à¤¯à¥à¤¨à¤¿à¤Ÿà¥€ को समà¤à¤•र टीचर à¤à¤¸à¥‡ कंटेंट तैयार कर सकते हैं जो सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ की असल जिंदगी के अनà¥à¤à¤µà¥‹à¤‚ और जरूरतों से मेल खाते हों।
मà¥à¤¶à¥à¤•िलें और नैतिकता से जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ सवाल
AI से हिंदी सीखने के फायदे तो बहà¥à¤¤ हैं, लेकिन इसके साथ कà¥à¤› चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ à¤à¥€ हैं। डिजिटल डिवाइड यानी टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ तक पहà¥à¤‚च में असमानता आज à¤à¥€ बड़ी चिंता है। जिन इलाकों या परिवारों के पास साधन कम हैं, वहां के सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ को ये à¤à¤¡à¤µà¤¾à¤‚स टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ नहीं मिल पाती। जब तक इस गैप को à¤à¤°à¤¨à¥‡ के लिठखास कोशिशें नहीं की जाà¤à¤‚गी, AI का फायदा सिरà¥à¤« उनà¥à¤¹à¥€à¤‚ लोगों तक सीमित रहेगा जिनके पास पहले से सà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤à¤‚ हैं।
साथ ही, à¤à¤•à¥à¤¸à¤ªà¤°à¥à¤Ÿà¥à¤¸ ये à¤à¥€ चेतावनी देते हैं कि AI पर जरूरत से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ निरà¥à¤à¤° होना सही नहीं है। मशीनें à¤à¤¾à¤·à¤¾ सिखाने में मदद तो कर सकती हैं, लेकिन इंसानी पहलà¥à¤“ं की जगह नहीं ले सकतीं। सीखने में इमोशनल समà¤, कलà¥à¤šà¤° की बारीकियां और आमने-सामने बातचीत का महतà¥à¤µ मशीनें नहीं समà¤à¤¾ सकतीं। पà¥à¤°à¤¾à¤‡à¤µà¥‡à¤¸à¥€ और डेटा की सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ à¤à¥€ बड़ी चिंता है। AI सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ का डेटा इकटà¥à¤ ा करता है ताकि परà¥à¤¸à¤¨à¤²à¤¾à¤‡à¤œà¥à¤¡ लरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग दे सके। à¤à¤¸à¥‡ में ये बहà¥à¤¤ जरूरी है कि डेटा को पारदरà¥à¤¶à¤¿à¤¤à¤¾ और सà¥à¤°à¤•à¥à¤·à¤¾ के साथ संà¤à¤¾à¤²à¤¾ जाà¤à¥¤
आगे का रासà¥à¤¤à¤¾: नई संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾à¤“ं की ओर
हिंदी à¤à¤œà¥à¤•ेशन का à¤à¤µà¤¿à¤·à¥à¤¯ AI और नई टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ के मेल में है। आने वाले समय में Augmented Reality और Virtual Reality जैसी टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ AI के साथ मिलकर हिंदी में असली बातचीत जैसा अनà¥à¤à¤µ दे सकेंगी। इससे सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ को à¤à¤¾à¤·à¤¾ सीखने के लिठà¤à¤•दम असली जैसा माहौल मिलेगा।
लेकिन इस तरकà¥à¤•ी के साथ-साथ जरूरी है कि टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ का सही और नैतिक इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² हो। लगातार रिसरà¥à¤š, टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ तक बराबर पहà¥à¤‚च और सबको साथ लेकर चलने वाली नीतियां बनाना बेहद जरूरी है। तà¤à¥€ हर सà¥à¤Ÿà¥‚डेंट AI वाली हिंदी à¤à¤œà¥à¤•ेशन का पूरा फायदा उठा पाà¤à¤—ा।
निषà¥à¤•रà¥à¤·: शिकà¥à¤·à¤¾ और संसà¥à¤•ृति में नई जान
AI सिरà¥à¤« हिंदी सीखने का तरीका ही नहीं बदल रहा, बलà¥à¤•ि ये à¤à¥€ बता रहा है कि हिंदी सीखना कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ जरूरी है। टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ और संसà¥à¤•ृति को जोड़कर AI अमेरिका में नई पीढ़ी के सà¥à¤Ÿà¥‚डेंटà¥à¤¸ को उनकी à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ जड़ों से गहराई से जोड़ रहा है। लेकिन इस बदलाव का फायदा सब तक पहà¥à¤‚चे, इसके लिठजरूरी है कि इससे जà¥à¤¡à¤¼à¥‡ सà¤à¥€ लोग मिलकर काम करें। टेकà¥à¤¨à¥‹à¤²à¥‰à¤œà¥€ के रासà¥à¤¤à¥‡ की बाधाओं को दूर करें, इंसानी जà¥à¤¡à¤¼à¤¾à¤µ को बनाठरखें और AI का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² जिमà¥à¤®à¥‡à¤¦à¤¾à¤°à¥€ से करें। अगर ये ठीक से किया गया, तो AI की मदद से हिंदी सीखना न सिरà¥à¤« सà¥à¤®à¤¾à¤°à¥à¤Ÿ, बलà¥à¤•ि सबके लिठआसान और जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ अरà¥à¤¥à¤ªà¥‚रà¥à¤£ हो जाà¤à¤—ा।
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