बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में वà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ से उपजे असंतोष ने हिंसा और अराजकता का रà¥à¤– अखà¥à¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤° करते हà¥à¤ तखà¥à¤¤à¤¾à¤ªà¤²à¤Ÿ कर दिया और अंतत: पà¥à¤°à¤§à¤¾à¤¨à¤®à¤‚तà¥à¤°à¥€ शेख हसीना को सतà¥à¤¤à¤¾ छोड़कर à¤à¤¾à¤—ना पड़ा। इसà¥à¤¤à¥€à¤«à¤¾ देने के बाद फिलहाल हसीना à¤à¤¾à¤°à¤¤ की शरण में हैं और किसी दूसरे मà¥à¤²à¥à¤• जाने की फिराक में हैं। à¤à¤¾à¤°à¤¤ के पड़ोसी और अमेरिका से मीलों दूर बसे बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ में हिंसा अà¤à¥€ थमी नहीं है। à¤à¤¾à¤°à¤¤ के लिहाज से बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ की हिंसा और सियासी-सामाजिक अराजकता के कई चिंताजनक पहलू हैं। गंà¤à¥€à¤° रूप से चिंता का à¤à¤• सबब वहां की लकà¥à¤·à¤¿à¤¤ हिंसा में हिंदà¥à¤“ं का मारा जाना है। इस पर à¤à¤¾à¤°à¤¤ के सतà¥à¤¤à¤¾ और समाज में बड़ी हलचल है। लेकिन बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ के हालात के पीछे अमेरिका के हाथ की आशंका दोनों देशों के लिठअसहज करने वाली सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ है।
इन हालात में à¤à¤¾à¤°à¤¤ के राजनीतिक विशà¥à¤²à¥‡à¤·à¤•ों और सेना-रकà¥à¤·à¤¾ से जà¥à¤¼à¤¡à¤¼à¥‡ पूरà¥à¤µ अधिकारियों ने अपनी पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ में बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ के हालात के पीछे अमेरिका की à¤à¥‚मिका को अपने तरà¥à¤•ों से आधार दिया है। राजनीति और रकà¥à¤·à¤¾ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° के जानकारों का कहना है कि अमेरिका अरà¥à¤¸à¥‡ से बंगाल की खाड़ी में अपनी मौजूदगी बढ़ाने की कोशिश कर रहा है। कà¥à¤› माह पहले ही शेख हसीना ने कहा था कि à¤à¤• विदेशी ताकत(?) सेंट मारà¥à¤Ÿà¤¿à¤¨ दà¥à¤µà¥€à¤ª पर सैनà¥à¤¯ अडà¥à¤¡à¤¾ बनाने की मांग कर रही है, ताकि चीन के मà¥à¤•ाबले अपनी सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ पà¥à¤–à¥à¤¤à¤¾ की जा सके। अब चीन के पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•ार के लिठकौन सा देश अपनी सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ मजबूत करने की कोशिश कर सकता है। विशà¥à¤²à¥‡à¤·à¤•ों का सीधा निशाना अमेरिका पर है। जानकारों का तो यहां तक कहना है कि शेख हसीना अमेरिका के मंसूबों में बाधा बन रही थीं और वह येन-केन पà¥à¤°à¤•ारेण उनà¥à¤¹à¥‡ सतà¥à¤¤à¤¾ से बेदखल करना चाहता था।
खैर, बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ के हालात को लेकर अमेरिका ने अपनी पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ दी है। अमेरिका का कहना है कि हमारी वहां के हालात पर नजर है। अमेरिका ने हिंसा खतà¥à¤® करने के साथ ही अंतरिम सरकार के गठन का सà¥à¤µà¤¾à¤—त किया है। सियासी जानकार यहां पर अमेरिका की नजर में खोट देखते हैं कà¥à¤¯à¥‹à¤‚कि बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ की हसीना सरकार लोकतांतà¥à¤°à¤¿à¤• रूप से चà¥à¤¨à¥€ हà¥à¤ˆ थी। à¤à¤¸à¥‡ में आंतरिक सरकार के गठन के सà¥à¤µà¤¾à¤—त के कà¥à¤¯à¤¾ मायने निकाले जाà¤à¤‚? कहा तो यह à¤à¥€ जा रहा है à¤à¤• तरफ अमेरिका लोकतांतà¥à¤°à¤¿à¤• मूलà¥à¤¯à¥‹à¤‚ की दà¥à¤¹à¤¾à¤ˆ देता है और अà¤à¤¿à¤µà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾ का समरà¥à¤¥à¤¨ करता है लेकिव जब अमेरिका के विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ में छातà¥à¤° फिलिसà¥à¤¤à¥€à¤¨ के लिठआवाज उठाते हैं तो उनका दमन किया जाता है। वहीं, जब छातà¥à¤° और नौकरीपेशा लोग शेख हसीना सरकार की आरकà¥à¤·à¤£ नीतियों का विरोध करने के लिठहिंसक तरीके से अपना पकà¥à¤· रखते हैं तो अमेरिका उसे अà¤à¤¿à¤µà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿ की सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾ बताकर उनके साथ खड़ा हो जाता है। अमेरिका की यह नीति आशंकाओं का बल दे रही है।
जहां तक à¤à¤¾à¤°à¤¤ का तालà¥à¤²à¥à¤• है बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ से उसके अचà¥à¤›à¥‡ संबंध हैं। बेशक, इसीलिठहसीना ने हालात बेकाबू होते ही à¤à¤¾à¤°à¤¤ का रà¥à¤– किया। लेकिन चिंता का पहलू à¤à¤¾à¤°à¤¤à¥€à¤¯ नागरिकों और हिंदà¥à¤“ं का तखà¥à¤¤à¤¾à¤ªà¤Ÿà¤² हिंसा में निशाना बनाया जाना है। बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ की लकà¥à¤·à¤¿à¤¤ हिंसा में हिंदà¥à¤“ं की जान-नाल का à¤à¤¾à¤°à¥€ नà¥à¤•सान हà¥à¤† है। हालांकि अब वहां आंतरिक सरकार का गठन हो गया है लिहाजा हिंसा की आग शांत होने की उमà¥à¤®à¥€à¤¦ की जा सकती है। मगर, कई पà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ हैं जो अनà¥à¤¤à¥à¤¤à¤°à¤¿à¤¤ हैं। बांगà¥à¤²à¤¾à¤¦à¥‡à¤¶ के हालात के पीछे यूं तो पाकिसà¥à¤¤à¤¾à¤¨ की à¤à¥‚मिका को à¤à¥€ संदेह की नजर से देखा जा रहा है लेकिन बड़ी बात अमेरिका की है। खास तौर से à¤à¤¾à¤°à¤¤ के लिहाज से।
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