आमतौर पर अमेरिका में फà¥à¤Ÿà¤¬à¥‰à¤², बेसबॉल, बॉसà¥à¤•ेटबॉल जैसे खेल सà¥à¤ªà¥‹à¤°à¥à¤Ÿ पारà¥à¤• में देखे जा सकते हैं। लंबे समय से यहां कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट का कà¥à¤°à¥‡à¤œ अनà¥à¤¯ देशों की तà¥à¤²à¤¨à¤¾ में कम ही देखने को मिलता है। दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में विजà¥à¤žà¤¾à¤¨ à¤à¤µà¤‚ पà¥à¤°à¥Œà¤¦à¥à¤¯à¥‹à¤—िकी, रकà¥à¤·à¤¾ समेत अनà¥à¤¯ सà¤à¥€ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤°à¥‹à¤‚ में आगे होने के बावजूद विशà¥à¤µ में सबसे अधिक पसंद किठजाने वाले खेल कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को यूà¤à¤¸ में उस पैमाने पर अब तक नहीं मिल पाया, जितना वरà¥à¤¤à¤®à¤¾à¤¨ में इसको लेकर लोगों में कà¥à¤°à¥‡à¤œ है। à¤à¤¸à¥‡ में यहां की सरकार को कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को बढ़ावा देने के लिठकई पà¥à¤°à¤®à¥à¤– कदम उठाने की आवशà¥à¤¯à¤•ता है।
कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट औपनिवेशिक काल अमेरिका और सà¥à¤µà¤¤à¤‚तà¥à¤°à¤¤à¤¾ की पहली शताबà¥à¤¦à¥€ में à¤à¤• पसंदीदा खेल था। यह à¤à¤• अहम पहलू जो है कि कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट, à¤à¤• बà¥à¤°à¤¿à¤Ÿà¤¿à¤¶ खेल है, जिसका अमेरिका लंबे समय से पकà¥à¤·à¤§à¤° नहीं रहा। हालांकि अमेरिका के पहले राषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤ªà¤¤à¤¿ जॉरà¥à¤œ वाशिंगटन को यह खेल बहà¥à¤¤ पसंद था। पहला अंतरराषà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥€à¤¯ मैच नà¥à¤¯à¥‚यॉरà¥à¤• में अमेरिका और कनाडा के बीच खेला गया था। हालांकि, 1800 के दशक के उतà¥à¤¤à¤°à¤¾à¤°à¥à¤§ में बेसबॉल के उदय के साथ, कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट गà¥à¤®à¤¨à¤¾à¤®à¥€ में चला गया। हालांकि पिछले कà¥à¤› दशकों में खेल पà¥à¤°à¥‡à¤®à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को बीच कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट खेल से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ à¤à¤• धरà¥à¤® बन गया।
कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट के खेल ने संयà¥à¤•à¥à¤¤ राजà¥à¤¯ अमेरिका में लोकपà¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¤à¤¾ में लगातार वृदà¥à¤§à¤¿ देखी है, इसकी अहम वजह ये है कि यहां दूसरे खेलों को बीच कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट अपेकà¥à¤·à¤¾à¤•ृत कम लोकपà¥à¤°à¤¿à¤¯ था। लेकिन बाद में अमेरिका में कà¥à¤°à¥€à¤¡à¤¼à¤¾ कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में विकास के साथ यूà¤à¤¸à¤ कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट टीम और मेजर लीग कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट (à¤à¤®à¤à¤²à¤¸à¥€) और टी10 नेशनल कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट लीग जैसी पà¥à¤°à¥‹à¤«à¥‡à¤¶à¤¨à¤² कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट लीग à¤à¥€ देखने को मिले।
यूà¤à¤¸ में पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤à¤¾à¤¶à¤¾à¤²à¥€ कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट पà¥à¤²à¥‡à¤¯à¤°
वरà¥à¤· 2024 में ICC T20 विशà¥à¤µ कप के दौरान, यूà¤à¤¸à¤ पà¥à¤°à¥à¤· टीम ने गà¥à¤°à¥ˆà¤‚ड पà¥à¤°à¥‡à¤¯à¤°à¥€ के डलास उपनगर में पाकिसà¥à¤¤à¤¾à¤¨ के खिलाफ à¤à¤• नाटकीय उलटफेर किया और टूरà¥à¤¨à¤¾à¤®à¥‡à¤‚ट के अगले "सà¥à¤ªà¤° 8" चरण में पहà¥à¤‚च गई। दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ में खेलों के कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में बढ़ती पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤—िता के बीच कई चà¥à¤¨à¥Œà¤¤à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ à¤à¥€ सामने आ रही हैं। à¤à¤¸à¥‡ में अगर अमेरिका में कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को à¤à¤• आदरà¥à¤¶ बनाना है तो इसके लिठनिरंतर पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ करने होंगे। सबसे पहले, हमें और अधिक नठकà¥à¤°à¤¿à¤•ेट सà¥à¤¥à¤²à¥‹à¤‚ की आवशà¥à¤¯à¤•ता है। अमेरिका में आप जो कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट देखते हैं, वह जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° सारà¥à¤µà¤œà¤¨à¤¿à¤• पारà¥à¤•ों में होता है। फिलहाल, टेकà¥à¤¸à¤¾à¤¸, फà¥à¤²à¥‹à¤°à¤¿à¤¡à¤¾ और उतà¥à¤¤à¤°à¥€ कैरोलिना में केवल कà¥à¤› ही सà¥à¤¥à¤¾à¤¯à¥€ सà¥à¤Ÿà¥‡à¤¡à¤¿à¤¯à¤® पेशेवर कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट मैचों की मेजबानी करने में सकà¥à¤·à¤® हैं।
अमेरिका में कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को बढ़ावा देने के 3 तरीके
1- कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट खेलों के ढांचागत विकास जोर
टी20 विशà¥à¤µ कप के लिठपà¥à¤°à¤¶à¤‚सकों की à¤à¥€à¤¡à¤¼ का सà¥à¤µà¤¾à¤—त करने के बावजूद, आइजनहावर पारà¥à¤• पॉप-अप गà¥à¤°à¤¾à¤‰à¤‚ड का असà¥à¤¤à¤¿à¤¤à¥à¤µ समापà¥à¤¤ हो गया है। लेकिन उचित मैदानों की कमी का मतलब है कि लंबी दूरी और अधिक टिकट कीमतों के कारण कई लोग वà¥à¤¯à¤•à¥à¤¤à¤¿à¤—त रूप से देखने के लिठसà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤œà¤¨à¤• पहà¥à¤‚च पाने में असमरà¥à¤¥ हैं। फà¥à¤²à¥‹à¤°à¤¿à¤¡à¤¾ जैसे मौजूदा सà¥à¤¥à¤¾à¤¨à¥‹à¤‚ का उलà¥à¤²à¥‡à¤– नहीं करना चाहिठजो खराब जल निकासी बà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤¦à¥€ ढांचे से गà¥à¤°à¤¸à¥à¤¤ हैं। यह देखना अचà¥à¤›à¤¾ है कि ओकलैंड कोलिज़ीयम (पूरà¥à¤µ में MLB के ओकलैंड à¤à¤¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤¿à¤•à¥à¤¸ और NFL के ओकलैंड रेडरà¥à¤¸ का घर) का उपयोग इस वरà¥à¤· आगामी MLC सीज़न के लिठकिया जाà¤à¤—ा।
2- कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट अकादमी की संखà¥à¤¯à¤¾ में वृदà¥à¤§à¤¿ की जरूरत
कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को अकादमिक दà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾ (विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ और गà¥à¤°à¥‡à¤¡ सà¥à¤•ूलों दोनों) के à¤à¥€à¤¤à¤° à¤à¤• खेल होना चाहिà¤à¥¤ अमेरिका में रहने वाले कई बचà¥à¤šà¥‹à¤‚ के लिठकà¥à¤°à¤¿à¤•ेट खेलने के रासà¥à¤¤à¥‡ की कमी के कारण, कई माता-पिता, जिनमें कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट खेलने वाले देशों से आठलोग à¤à¥€ शामिल हैं। à¤à¤¸à¥‡ में बदलवा के लिठबचà¥à¤šà¥‹à¤‚ को जिम ककà¥à¤·à¤¾à¤“ं या à¤à¤¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤¿à¤•à¥à¤¸ टीमों के माधà¥à¤¯à¤® से कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट से परिचित कराना चाहिà¤à¥¤
विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ के कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में, कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को नेशनल कॉलेजिà¤à¤Ÿ à¤à¤¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤¿à¤• à¤à¤¸à¥‹à¤¸à¤¿à¤à¤¶à¤¨ (NCAA) दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ मानà¥à¤¯à¤¤à¤¾ नहीं दी गई है, जो विशà¥à¤µà¤µà¤¿à¤¦à¥à¤¯à¤¾à¤²à¤¯à¥‹à¤‚ में à¤à¤¥à¤²à¥‡à¤Ÿà¤¿à¤• कारà¥à¤¯à¤•à¥à¤°à¤®à¥‹à¤‚ का समनà¥à¤µà¤¯ करता है। इसके लिठपà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ करने के लिà¤, K-12 सà¥à¤•ूलों के लिठऊपर बताठगठकà¥à¤°à¤¿à¤•ेट के बà¥à¤¨à¤¿à¤¯à¤¾à¤¦à¥€ ढांचे में सà¥à¤§à¤¾à¤° होना चाहिà¤à¥¤
3- कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट से जà¥à¤¡à¤¼à¥€ आधà¥à¤¨à¤¿à¤• सà¥à¤µà¤¿à¤§à¤¾à¤“ं के बीच सामंजसà¥à¤¯
इसके अलवा कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट को बढ़ावा देने के लिठसाधनों की बेहद आवशà¥à¤¯à¤•ता होती है। मौजूदा समय में कà¥à¤°à¤¿à¤•ेट खेल में पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤—िता के लिठअपने पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤à¤¾à¤—ियों की तैयारी कि लिठकà¥à¤°à¤¿à¤•ेट उपकरण खरीदना जरूरी है। खेल पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤£ शिविरों में कà¥à¤› टà¥à¤°à¥‡à¤¨à¤¿à¤‚ग फैशिलिटी शà¥à¤°à¥‚ करने, पà¥à¤²à¥‡ गà¥à¤°à¤¾à¤‰à¤‚ड विकसित करने जैसे पहलà¥à¤“ं पर गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ से विचार करने और समय से इन सबकी उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ कराने की जरूरत है।
यह पढ़ें: नशे की लत बचाने के लिठकेनी दीवान ने कर दी नॉन- पà¥à¤°à¥‰à¤«à¤¿à¤Ÿ ऑरà¥à¤—ेनाइजेशन की शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤
ADVERTISEMENT
ADVERTISEMENT
Comments
Start the conversation
Become a member of New India Abroad to start commenting.
Sign Up Now
Already have an account? Login